Category: Crime

  • 24 घंटे में पुलिस की बड़ी कामयाबी, बुजुर्ग हत्याकांड का खुलासा; बहू निकली साजिशकर्ता..

    24 घंटे में पुलिस की बड़ी कामयाबी, बुजुर्ग हत्याकांड का खुलासा; बहू निकली साजिशकर्ता..

    24 घंटे में पुलिस की बड़ी कामयाबी, बुजुर्ग हत्याकांड का खुलासा; बहू निकली साजिशकर्ता..

    छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर एक अंधे हत्याकांड का खुलासा करते हुए मृतक की बहू समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच में खुलासा हुआ कि पारिवारिक विवाद के चलते बहू ने अपने तीन साथियों के साथ मिलकर 70 वर्षीय ससुर की हत्या की साजिश रची थी। आरोपियों ने आधी रात को घर में घुसकर पहले लकड़ी के फट्टे और मुक्कों से बुजुर्ग पर हमला किया, फिर उनके हाथ-पैर बांध दिए और मुंह में कपड़ा ठूंसकर हत्या कर दी।

    एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश कुमार पाटनवार तथा एसडीओपी जशपुर के मार्गदर्शन में थाना दुलदुला पुलिस ने इस सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा किया।

    घर में मृत आस्था में मिली थी बुजुर्ग की लाश

    जानकारी के अनुसार, 4 जुलाई 2026 को थाना दुलदुला क्षेत्र के ग्राम बोड़ाजोर निवासी 70 वर्षीय चुगरू प्रधान अपने घर में मृत अवस्था में पाए गए। उनके हाथ-पैर बंधे हुए थे और शरीर पर गंभीर चोटों के निशान थे। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में एफएसएल टीम और डॉग स्क्वॉड की मदद से घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया गया व वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए गए।

    पारिवारिक विवाद के चलते बहू ने रची हत्या की साजिश

    पुलिस जांच में पता चला कि मृतक का अपनी बहू सुगंती बेसरा के साथ लंबे समय से पारिवारिक विवाद चल रहा था। इसी रंजिश के चलते उसने अपने तीन परिचितों के साथ मिलकर हत्या की योजना बनाई। इस बीच 3 और 4 जुलाई की दरमियानी रात आरोपी मोटरसाइकिल से मृतक के घर पहुंचे। दरवाजा खुलवाने के बाद उन्होंने लकड़ी के फट्टे और मुक्कों से हमला किया। इसके बाद बुजुर्ग के हाथ-पैर बांध दिए और मुंह में कपड़ा ठूंसकर उसकी हत्या कर दी। वारदात को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए।

    पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण, मुखबिर से मिली सूचना और वैज्ञानिक जांच के आधार पर आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ के दौरान सभी आरोपियों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। उनकी निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त लकड़ी का फट्टा, एक मोटरसाइकिल और चार मोबाइल फोन बरामद किए गए। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद पुलिस ने सभी आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया।

  • प्रेम संबंधों के विवाद में चली गोली, 5 बच्चों की मां के पति ने प्रेमी पर किया फायर…

    प्रेम संबंधों के विवाद में चली गोली, 5 बच्चों की मां के पति ने प्रेमी पर किया फायर…

    प्रेम संबंधों के विवाद में चली गोली, 5 बच्चों की मां के पति ने प्रेमी पर किया फायर…

    5 बच्चों की मां के ‘अवैध संबंध’ का खौफनाक अंजाम! पहली शादी से तलाक, दूसरे को धोखा; गुस्साए पति ने देसी कट्टे से प्रेमी को ठोका!

    फरीदाबाद के सेक्टर-58 से सनसनीखेज वारदात सामने आई है जहां राजीव कॉलोनी में छत पर सो रहे एक 25 साल के युवक के सिर में गोली मारकर हत्या कर दी गई. इस घटना को अंजाम देने वाला मुख्य आरोपी कोई नहीं, बल्कि युवक के साथ लिव-इन में रहने वाली महिला का पति है जिसे अपनी पत्नी के अवैध संबंधों को पहले से ही पता था. कई बार महिला को युवक के साथ न रहने की चेतावनी भी दी थी लेकिन बावजूद महिला अपनी जिद पर अड़ी रही. पुलिस की पूछताछ से खुलासा हुआ कि युवक छत पर सोया था इसलिए आरोपी के निशाने पर आ गया लेकिन महिला अंदर कमरे में थी जिसके चलते वो जिंदा बच गई. 

    3 साल से चल रहा था लिव-इन

    नवभारत टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, यूपी मैनपुरी निवासी 26 वर्षीय विपिन यादव राजीव कॉलोनी स्थित एक किराए के मकान में अपनी शादीशुदा गर्लफ्रेंड के साथ रहता था. दोनों के लिव-इन रिलेशनशिप को 2-3 साल हो गए. महिला की पहली शादी से तलाक हो गया था.करीब 7 से 8 साल पहले दूसरी शादी विनायकपुर निवासी विजय यादव से हुई थी. विपिन यादव पति के घर के पास में ही रहता था, जिससे धीरे-धीरे संपर्क बना और एक-दूसरे से प्यार करने लगे. 

    ससुराल से भागने की कई बार कोशिश

    पुलिस की जांच से पता चला कि महिला ने अपने ससुराल से 2 बार भागने की कोशिश की थी. लेकिन सफल नहीं हो पाई, इसलिए 1 जून को वो अपनी भाभी और बहन से मिलने के बहाने हरियाणा के फरीदाबाद चली आई. यहां राजीव कॉलोनी में अपने परिवार संग रहने लगी. जब पति विजय यादव ने ससुराल वापस ले जाने की जिद की तो महिला ने साफ इनकार कर दिया. गांव के बजाए फरीदाबाद में रहने की इच्छा जताई जिसके लिए पति ने उसी इलाके में एक कमरा किराए पर ले लिया.

    पुलिस ने किया बड़ा खुलासा

    आरोपी विजय यादव और महिला से कड़ी पूछताछ से सामने आया कि बॉयफ्रेंड विपिन यादव भी महिला के पास राजीव कॉलोनी स्थित आवास पर रहने लगा. दोनों ने एक साथ टिफिन बनाने वाली कंपनी में काम किया और एक साथ रहने लगे. इस बीच हत्या के आरोपी पति ने कई बार महिला को ससुराल साथ चलने को कहा लेकिन महिला नहीं मानी. इसी बात से नाराज विजय यादव वापस गांव तो चला गया, लेकिन बदले की आग लेकर 30 जून की रात को वापस आ गया. बताया जा रहा है कि उस रात तीनों ने एक साथ बैठकर खाना भी खाया था. विजय और विपिन छत पर सो गए जबकि महिला कमरे में चली गई.

    खोपड़ी में गोली उतारकर फरार

    पुलिस की जांच से पता चला कि रात को जब महिला का प्रेमी गहरी नींद में था तो विजय ने अपने दोस्त से लिया देसी कट्टा निकाला और विपिन के सिर में फायरिंग कर दी.  गोली की आवाज सुनकर सभी लोग छत पर पहुंचे लेकिन तब तक विजय फरार हो चुका था. महिला की शिकायत पर पुलिस ने पति विजय यादव को गिरफ्तार किया और उसके पास से देसी कट्टे के साथ-साथ 2 जिंदा कारतूस बरामद की जिसे 6,000 में खरीदा गया था. पुलिस ने पूछताछ में पाया कि पत्नी विजय से करीब 12 साल बड़ी है. पहली शादी से महिला के 4 बच्चे और दूसरी शादी से एक बच्चा भी है. महिला पांचों बच्चों को खुद पाल रही थी. 

    2 जुलाई की रात को हुई वारदात की शिकायत महिला ने ही सेक्टर-58 थाना में की थी जबकि प्रेमी विपिन यादव की मौत उसी रात दिल्ली के ट्रामा सेंटर में हो गई थी. पुलिस ने आरोपी पति विजय यादव के खिलाफ हत्या के जुर्म में केस दर्ज करके न्यायिक हिरासत में भेज दिया है.

  • ऑफिस से निकली, लेकिन घर नहीं पहुंची… ढाई महीने पहले दुल्हन बनी आकृति की मौत ने उठाए सवाल,,

    ऑफिस से निकली, लेकिन घर नहीं पहुंची… ढाई महीने पहले दुल्हन बनी आकृति की मौत ने उठाए सवाल,,

    ऑफिस से निकली, लेकिन घर नहीं पहुंची… ढाई महीने पहले दुल्हन बनी आकृति की मौत ने उठाए सवाल,,

    Akriti Sutar Death: साउथ दिल्ली की लोधी कॉलोनी में 28 साल की नई-नई शादीशुदा महिला की रहस्यमयी मौत की घटना सामने आई है. महिला आकृति सुतार  के घरवालों ने ससुराल पक्ष पर दहेज के लिए परेशान करने और हत्या के आरोप लगाए हैं. 

    पुलिस का कहना है कि वे सभी मुमकिन एंगल से जांच कर रहे हैं, वहीं आकृति सुतार के परिवार ने ज़ोर देकर कहा है कि उसकी हत्या की गई है और सुसाइड का कोई सवाल ही नहीं है, जैसा कि उसके पति के परिवार ने कहा है.

    क्या है पूरा मामला?

    जानकारी के मुताबिक, शनिवार शाम, पुष्प विहार की रहने वाली आकृति, दिल्ली की लोधी कॉलोनी में पालिका कुंज में NDMC फ्लैट्स की तीसरी मंज़िल से कथित तौर पर गिरने के बाद गंभीर रूप से घायल पाई गईं. यह जगह उनके ससुराल से लगभग 10 km दूर थी और अभी तक यह पता नहीं चला है कि वह वहां क्यों गई थीं.

    उन्हें वहां रहने वालों ने जमीन पर पड़ा पाया और पुलिस को बुलाया. जमीन पर खून नहीं था, लेकिन उसके शरीर पर चोट के निशान और दूसरी चोटें थीं. उसे तुरंत AIIMS ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. जिसके बाद पोस्टमॉर्टम जांच चल रही है.

    छतरपुर में एक प्राइवेट कंपनी में सेल्स एग्जीक्यूटिव थी महिला

    पुलिस के मुताबिक, आकृति सुतार – जो छतरपुर में एक प्राइवेट कंपनी में सेल्स एग्जीक्यूटिव के तौर पर काम करती थी. महिला ने 24 अप्रैल को अरस्तु सिक्का से शादी की थी. दोनों एक-दूसरे को आठ साल से जानते थे. एक रिश्तेदार ने कहा कि यह एक लव मैच था. आकृति पहले अरस्तु की बहन, अगस्तिका सिक्का की दोस्त थी, और फिर अरस्तु के साथ रिलेशनशिप में आ गई.

    बेरोजगार है पति, दहेज का दावा

    सिक्का अभी बेरोज़गार है. उसके पिता सरकारी नौकरी करते हैं लेकिन वह अपने काम के बारे में कभी कोई जानकारी नहीं देते. आकृति के परिवार ने सुसाइड की बात से इनकार किया है और आरोप लगाया है कि दहेज की मांग को लेकर उसकी हत्या की गई. उन्होंने दावा किया कि अरस्तु सिक्का और उसका परिवार 20 लाख रुपये मांग रहे थे और शादी के बाद से ही आकृति को बार-बार परेशान किया और धमकाया था.

    उसके 24 साल के भाई अमय सुतार ने दावा किया है कि वह दिमागी तौर पर मजबूत है और कभी अपनी जान नहीं लेती. परिवार ने यह भी दावा किया कि अरस्तु ने उसे कई बार जान से मारने की धमकी दी थी और उसकी मौत से ठीक दो दिन पहले कपल के बीच गंभीर झगड़ा हुआ था.

    मौत से कुछ घंटे पहले महिला ने मां से की थी बात

    घटना के बारे में बताते हुए, आकृति के चाचा मनंजय सुतार ने कहा आकृति ने शनिवार शाम करीब 6 बजे अपनी माँ से बात की थी, अपनी मौत से कुछ घंटे पहले. उसने कहा था कि वह दिन के लिए ऑफिस से निकली थी और घर आ रही थी. रात करीब 8 बजे, परिवार को अरस्तु का फोन आया कि आकृति गायब है. करीब 90 मिनट बाद, पुलिस ने उन्हें बताया कि पालिका कुंज में एक महिला की लाश मिली है.

    मौके पर खून के कोई धब्बे नहीं मिले

    परिवार ने घटना के हालात पर सवाल उठाए हैं, और बताया कि जिस बिल्डिंग में आकृति की लाश मिली, वह ज़्यादातर खाली है. उन्होंने आगे दावा किया कि मौके पर खून के कोई धब्बे नहीं मिले, जिससे उन्हें शक है कि जुर्म की प्लानिंग सोच-समझकर की गई थी. उन्होंने कहा कि मौत की सही वजह पता लगाने में पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट बहुत ज़रूरी होगी.

    परिवार के मुताबिक, आकृति ने अपनी शादी के लिए छुट्टी लेने के बाद 1 जुलाई को काम फिर से शुरू किया था और शनिवार को अपने साथ काम करने वालों के लिए एक छोटी सी पार्टी भी रखी थी. उसके चाचा ने सुसाइड थ्योरी पर सवाल उठाते हुए कहा अगर वह दुखी थी या अपनी जान देने का प्लान बना रही थी, तो वह काम पर लौटने का जश्न क्यों मना रही थी? इन दावों के बाद पुलिस अब मामले की जांच में जुट चुकी है.

  • ब्लाइंड मर्डर का बड़ा खुलासा! तंत्र-मंत्र के शक ने ली थी जान, तीन आरोपी गिरफ्तार…

    ब्लाइंड मर्डर का बड़ा खुलासा! तंत्र-मंत्र के शक ने ली थी जान, तीन आरोपी गिरफ्तार…

    ब्लाइंड मर्डर का बड़ा खुलासा! तंत्र-मंत्र के शक ने ली थी जान, तीन आरोपी गिरफ्तार…

    Odisha News: ओडिशा की अपराध शाखा (CID-CB) ने करीब ढाई साल पुराने एक ब्लाइंड मर्डर केस की गुत्थी सुलझाने का दावा किया है. वैज्ञानिक जांच और डीएनए प्रोफाइलिंग की मदद से न केवल मृतक की पहचान की गई, बल्कि हत्या के पीछे की वजह और आरोपियों तक भी जांच एजेंसी पहुंच गई. इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि एक नाबालिग को किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष पेश किया गया है.

    यह मामला सीआईडी-सीबी थाना केस संख्या-02/2024 से जुड़ा है, जिसकी शुरुआत उदला थाना क्षेत्र में वर्ष 2023 में दर्ज हत्या और साक्ष्य मिटाने के मामले से हुई थी. उस समय एक सुनसान इलाके में स्थित परित्यक्त कुएं से बोरे में बंद एक अज्ञात व्यक्ति का शव बरामद हुआ था. शव लंबे समय तक पानी में पड़े रहने के कारण बुरी तरह सड़ चुका था, जिससे उसकी पहचान करना संभव नहीं हो सका.

    जांच टीम ने दोबारा की थी पड़ताल

    बाद में मामले की जांच सीआईडी-सीबी को सौंपी गई. जांच टीम ने घटनास्थल से जुड़े सभी पहलुओं की दोबारा पड़ताल की और तकनीकी व वैज्ञानिक तरीकों का सहारा लिया. अधिकारियों ने आसपास के क्षेत्रों से दर्ज सभी गुमशुदगी के मामलों का मिलान किया. इस प्रक्रिया में दो संभावित व्यक्तियों की पहचान की गई, जिनके परिवारों के रक्त नमूने डीएनए परीक्षण के लिए भेजे गए.

    29 जून 2026 को आई डीएनए रिपोर्ट ने पूरे मामले की दिशा बदल दी. रिपोर्ट में पुष्टि हुई कि कुएं से मिला शव मयूरभंज जिले के उदला थाना क्षेत्र के सुखुआ साही गांव निवासी जुबुराज सिंह का था. मृतक की पहचान उसके बेटे बिस्वनाथ सिंह के डीएनए से मेल खाने के बाद सुनिश्चित हुई.

    कथित तांत्रिक अनुष्ठान के लिए बुलाया गया था

    जांच के दौरान सामने आया कि घटना से पहले जुबुराज सिंह को बानासाही (डुगुधा) गांव में झाड़-फूंक और कथित तांत्रिक अनुष्ठान के लिए बुलाया गया था. वहां उन्होंने एक भोज में भी हिस्सा लिया था. इसके बाद वह रहस्यमय तरीके से लापता हो गए. कुछ समय बाद उनका शव बोरे में बंद अवस्था में काजू के जंगल के बीच स्थित एक परित्यक्त कुएं से बरामद हुआ था.

    सीआईडी-सीबी की जांच में खुलासा हुआ कि गांव के कुछ लोगों को शक था कि जुबुराज सिंह कथित रूप से जादू-टोना करते थे. आरोपियों का मानना था कि उनकी तांत्रिक गतिविधियों के कारण ही एक बच्चे की मौत हुई थी. इसी अंधविश्वास और शक के चलते उनकी हत्या की साजिश रची गई.

    तीन आरोपी गिरफ्तार

    जांच एजेंसी ने इस मामले में बानासाही (डुगुधा) गांव के रहने वाले संगौरामोहन सिंह उर्फ बिड़ा सिंह और नरहरि सिंह उर्फ बापी सिंह को मुख्य आरोपी के रूप में गिरफ्तार किया. दोनों को 2 जुलाई 2026 को गिरफ्तार कर उसी दिन उदला के एसडीजेएम न्यायालय में पेश किया गया. मामले में शामिल एक विधि-विरुद्ध बालक (Child in Conflict with Law) को 3 जुलाई 2026 को बारिपदा स्थित किशोर न्याय बोर्ड के प्रधान मजिस्ट्रेट के समक्ष प्रस्तुत किया गया.

    सीआईडी-सीबी अधिकारियों का कहना है कि इस मामले की गुत्थी सुलझाने में वैज्ञानिक जांच, डीएनए प्रोफाइलिंग और लगातार की गई फील्ड इन्वेस्टिगेशन ने अहम भूमिका निभाई. लंबे समय तक अज्ञात रहे शव की पहचान होने के बाद जांच सही दिशा में आगे बढ़ी और हत्या के पीछे अंधविश्वास से जुड़ा कारण सामने आया.

    यह मामला एक बार फिर दिखाता है कि अंधविश्वास और जादू-टोने जैसी मान्यताएं किस तरह गंभीर अपराधों को जन्म दे सकती हैं. साथ ही, आधुनिक फोरेंसिक तकनीक और वैज्ञानिक जांच की मदद से वर्षों पुराने ब्लाइंड मर्डर मामलों का भी सफलतापूर्वक खुलासा संभव है.

  • बॉयफ्रेंड की शादी की खबर सुन आग-बबूला हुई प्रेमिका, TC का बहाना बनाकर पहुंची घर,,

    बॉयफ्रेंड की शादी की खबर सुन आग-बबूला हुई प्रेमिका, TC का बहाना बनाकर पहुंची घर,,

    बॉयफ्रेंड की शादी की खबर सुन आग-बबूला हुई प्रेमिका, TC का बहाना बनाकर पहुंची घर,,

    Badaun Girlfriend Murder Case: यूपी के बदायूं में एक युवक ने शनिवार रात अपनी नाबालिग गर्लफ्रेंड की गला घोंटकर हत्या कर दी. गर्लफ्रेंड इस बात से नाराज थी कि उसने कहीं और शादी तय कर ली थी. सगाई के बाद से ही उसका उससे झगड़ा चल रहा था. तब से वह उससे शादी करने की जिद कर रही थी.

    गर्लफ्रेंड शनिवार सुबह 10 बजे नागार्जुन कॉलेज से 12वीं का TC लेने के बहाने घर से निकली थी. वह सीधे अपने बॉयफ्रेंड के घर चली गई. युवक उसे झांसे में लेकर मक्के के खेत में ले गया, जहां उसने उसके ही दुपट्टे से गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी. 

    बॉयफ्रेंड को पुलिस ने किया गिरफ्तार

    यह घटना बिल्ली के रामपुर टांडा गांव में हुई. जब बेटी शनिवार देर शाम तक घर नहीं लौटी, तो परिवार ने उसकी तलाश शुरू की. काफी तलाश के बाद, उन्होंने बेटी के प्रेमी के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई. पुलिस ने बॉयफ्रेंड को उसके घर से हिरासत में लिया और उससे कड़ी पूछताछ की. उसने हत्या की बात कबूल कर ली.

    आरोपी की निशानदेही पर, पुलिस उसे एक खेत में ले गई और उसकी गर्लफ्रेंड की लाश बरामद की. बॉयफ्रेंड का नाम जोगेंद्र (19) है, जो BA सेकंड ईयर का स्टूडेंट है. गर्लफ्रेंड नाबालिग है. उसने इसी साल इंटरमीडिएट पास किया है और BA में एडमिशन ले रखा है. उनके घर 100 मीटर दूर हैं.

    नाबालिग लड़की तीन साल से आरोपी के साथ रिलेशनशिप में थी

    पुलिस जांच में पता चला कि आरोपी जोगेंद्र और लड़की करीब तीन साल से रिलेशनशिप में थे. जोगेंद्र की शादी तीन महीने पहले हयातनगर में तय हुई थी. जून में उनकी सगाई हुई थी. जब से जोगेंद्र की शादी पक्की हुई थी, तब से दोनों के बीच फोन पर झगड़ा होता रहता था. जोगेंद्र अपने परिवार की मर्ज़ी से शादी करना चाहता था, लेकिन उसकी गर्लफ्रेंड उस पर शादी का दबाव बना रही थी. उसके परिवार को भी उनके रिश्ते के बारे में पता था.

    लड़की के परिवार को बॉयफ्रेंड के पिता पर भी हत्या का शक

    गर्लफ्रेंड के परिवार ने बताया कि जोगेंद्र काफी समय से उनकी बेटी को परेशान कर रहा था, यहां तक ​​कि उसका पीछा भी करता था. उन्होंने इस बारे में कई बार उसके पिता हरपाल से शिकायत की थी. लेकिन अपने बेटे को रोकने के बजाय, उसने मामले को नजरअंदाज कर दिया. परिवार को शक है कि जोगेंद्र के पिता और जोगेंद्र भी इस हत्या में शामिल हैं. लड़की तीन भाइयों और चार बहनों में सबसे छोटी थी. दो बहनों की शादी हो चुकी है. पिता और भाई किसान हैं. पुलिस ने आरोपी जोगेंद्र के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर लिया है.

  • राम मंदिर चढ़ावा चोरी: 12 हजार की नौकरी करने वाले अविनाश की लग्जरी लाइफ का खुलासा..

    राम मंदिर चढ़ावा चोरी: 12 हजार की नौकरी करने वाले अविनाश की लग्जरी लाइफ का खुलासा..

    राम मंदिर चढ़ावा चोरी: 12 हजार की नौकरी करने वाले अविनाश की लग्जरी लाइफ का खुलासा..

    अयोध्या के भव्य राम जन्मभूमि मंदिर में रामलला के चढ़ावे में हुई चोरी के मामले में पुलिस का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है. इस मामले में गिरफ्तार किए गए आठ आरोपियों में से एक अविनाश शुक्ला को पुलिस ने कोर्ट से 13 घंटे की रिमांड पर लिया था. इस 13 घंटे की पुलिस पूछताछ में अविनाश ने ऐसे कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं, जिसने जांच अधिकारियों को भी हैरान कर दिया है.

    सरकारी टीचर भाई के नाम पर खरीदी कार

    पुलिस की जांच और पूछताछ में सबसे बड़ा खुलासा यह हुआ है कि अविनाश शुक्ला केवल 12 से 13 हजार रुपये की मामूली नौकरी करता था. लेकिन रामलला के चढ़ावे से चोरी किए गए पैसों से उसने ऐशो-आराम के साधन जुटाने शुरू कर दिए थे. अविनाश ने चोरी की रकम से एक सेकंड हैंड कार खरीदी. किसी को उस पर शक न हो, इसलिए उसने यह कार अपने भाई अभिषेक के नाम पर ट्रांसफर कराई, जो कि एक सरकारी स्कूल में टीचर है. पुलिस ने अविनाश की निशानदेही पर इस कार (गाड़ी संख्या: UP 42 AP 6054) को बरामद कर राम जन्मभूमि थाने में खड़ा कर दिया है.

    45 दिनों के CCTV फुटेज देखकर फूटा घड़ा

    पुलिस के सामने शुरुआती पूछताछ में अविनाश खुद को बिल्कुल निर्दोष बताता रहा. लेकिन जब अयोध्या पुलिस ने उसके सामने 45 दिनों के वो सीसीटीवी (CCTV) फुटेज रख दिए, जिसमें वह साफ तौर पर चढ़ावे की चोरी करते हुए कैद हुआ था तो वह पूरी तरह टूट गया. इसके बाद उसने परत-दर-परत पूरी साजिश का पर्दाफाश कर दिया.

  • हनीमून ट्रिप पर बनाई Instagram रील, लोकेशन से पहुंची पुलिस; खुली चौंकाने वाली क्राइम स्टोरी…

    हनीमून ट्रिप पर बनाई Instagram रील, लोकेशन से पहुंची पुलिस; खुली चौंकाने वाली क्राइम स्टोरी…

    हनीमून ट्रिप पर बनाई Instagram रील, लोकेशन से पहुंची पुलिस; खुली चौंकाने वाली क्राइम स्टोरी…

    उत्तराखंड के हरिद्वार जिले में हनीमून मनाने गई एक महिला को पुलिस ने अरेस्ट कर लिया. बताया जा रहा है कि लंबे समय से फरार चल रही थी. गिरफ्तार महिला की पहचान मेरठ के सरधना क्षेत्र के छुछाई गांव निवासी ज्योति चौधरी के रूप में हुई है. पुलिस के मुताबिक, ज्योति अपने महंगे शौक और लग्जरी लाइफस्टाइल को पूरा करने के लिए अपराध की दुनिया में उतर गई थी और एक लुटेरी गैंग का संचालन कर रही थी. सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि वारदात के बाद फरारी के दौरान उसने दूसरी शादी रचा ली और पुलिस को चकमा देते हुए सोशल मीडिया पर इंस्टाग्राम रील्स भी पोस्ट करती रही.

    12 जून की रात को घटना को दिया अंजाम

    यह मामला मेरठ जिले के सरधना इलाके का है. यहां बीते 12 जून की रात को मुजफ्फरनगर के रहने वाले आकाश शर्मा, जो एक नामी डिजिटल कंपनी में टीम लीडर हैं, अपनी बाइक से घर लौट रहे थे. इसी दौरान सरधना पाली कावड़ पटरी मार्ग के पास दो बाइकों पर सवार बदमाशों ने उन्हें रोक लिया और मारपीट कर उनकी बाइक व मोबाइल लूट लिया. पीड़ित आकाश ने पुलिस को बताया था कि इस वारदात को अंजाम देने वाले गैंग में एक लड़की भी शामिल थी.आकाश के मुताबिक लड़की बहुत ही शातिर तरीके से पूरे गैंग को निर्देश दे रही थी. पुलिस ने कार्रवाई करते हुए गैंग के तीन सदस्यों को पहले ही दबोच लिया था, लेकिन मुख्य आरोपी ज्योति चौधरी फरार चल रही थी.

    रील बनाकर पुलिस को दी थी खुली चुनौती, ऐसे आई पकड़ में

    फरारी काटते समय ज्योति चौधरी ने इंस्टाग्राम पर एक रील पोस्ट की, जिसमें फिल्मी डायलॉग ‘शाका मारा जा सकता है लेकिन पकड़ा नहीं जा सकता’ पर एक्टिंग कर उसने सरेआम पुलिस की कार्यप्रणाली को चुनौती दे डाली. इसके बाद पुलिस अलर्ट हो गई और उसकी सोशल मीडिया एक्टिविटी पर नजर रखने लगी. इसी बीच ज्योति ने 23 जून को मोहित नाम के युवक से अपनी दूसरी शादी रचाई और हनीमून मनाने हरिद्वार जिले के एक इलाके में चली गई. हरिद्वार के होटलों और वादियों से ज्योति लगातार सोशल मीडिया पर रील्स डाल रही थी. मेरठ पुलिस की टेक्निकल सर्विलांस टीम ने उसकी इन्हीं रील्स और गतिविधियों के जरिए लाइव लोकेशन ट्रेस कर ली और शनिवार सुबह हरिद्वार में अचानक दबिश देकर उसे रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया.

  • घरेलू विवाद का खौफनाक अंत, पति ने तवे से हमला कर पत्नी को उतारा मौत के घाट..

    घरेलू विवाद का खौफनाक अंत, पति ने तवे से हमला कर पत्नी को उतारा मौत के घाट..

    घरेलू विवाद का खौफनाक अंत, पति ने तवे से हमला कर पत्नी को उतारा मौत के घाट..

    राजधानी दिल्ली के नजफगढ़ इलाके से एक सनसनीखेज हत्या का मामला सामने आया है. पारिवारिक विवाद ने ऐसा हिंसक रूप ले लिया कि एक महिला की जान चली गई. पुलिस के मुताबिक, आरोपी पति ने कथित तौर पर घर में रखे तवे से हमला कर अपनी पत्नी की हत्या कर दी. घटना के बाद वह खुद थाने पहुंचा और पुलिस के सामने अपना जुर्म कबूल कर लिया. पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है.

    घरेलू विवाद के बाद हुई वारदात

    पुलिस के अनुसार, यह घटना बाबा हरिदास नगर थाना क्षेत्र के गोपाल नगर इलाके की है. शुरुआती जांच में सामने आया है कि शनिवार देर रात पति-पत्नी के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ था. देखते ही देखते कहासुनी बढ़ गई और आरोपी ने कथित तौर पर गुस्से में आकर रसोई में रखे तवे से पत्नी के सिर पर कई वार कर दिए. गंभीर चोट लगने से महिला की मौके पर ही मौत हो गई.

    सुबह खुद थाने पहुंचा आरोपी

    घटना के बाद आरोपी पति दिनेश पटेल रविवार सुबह सीधे बाबा हरिदास नगर थाने पहुंचा. वहां उसने ड्यूटी पर मौजूद पुलिसकर्मियों को पूरी घटना की जानकारी दी और बताया कि रात में हुए झगड़े के दौरान उसने अपनी पत्नी सरिता पर हमला किया था. आरोपी की सूचना के बाद पुलिस तुरंत उसके घर पहुंची, जहां महिला मृत अवस्था में मिली.

    मानसिक बीमारी और नौकरी छूटने से बढ़ा था तनाव

    पुलिस की प्रारंभिक जांच में पता चला है कि दिनेश पटेल पिछले दो से तीन वर्षों से सिजोफ्रेनिया जैसी मानसिक बीमारी से पीड़ित था और उसका इलाज दिल्ली के राम मनोहर लोहिया अस्पताल में चल रहा था. इसके अलावा करीब दो महीने पहले उसकी आईटी कंपनी की नौकरी भी चली गई थी. जांच में यह भी सामने आया है कि नौकरी छूटने और मानसिक स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के कारण परिवार में लंबे समय से तनाव का माहौल बना हुआ था और अक्सर पति-पत्नी के बीच विवाद होता रहता था.

    20 साल पुराना था वैवाहिक रिश्ता

    पुलिस के मुताबिक, दिनेश और सरिता की शादी वर्ष 2005 में हुई थी. दंपति के दो बेटे हैं. बड़ा बेटा इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा की तैयारी कर रहा है, जबकि छोटा बेटा पांचवीं कक्षा का छात्र है. सरिता का मायका भी गोपाल नगर इलाके में ही है. घटना के बाद परिवार और आसपास के लोगों में शोक का माहौल है.

    जांच में जुटी पुलिस

    सूचना मिलते ही पुलिस, एफएसएल और क्राइम टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटाए. शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है. आरोपी दिनेश पटेल को हिरासत में लेकर उसके खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर लिया गया है. पुलिस सभी पहलुओं से मामले की जांच कर रही है.

  • प्यार से शुरू हुआ रिश्ता, शादी का वादा बना आरोप; दुष्कर्म और गर्भपात मामले में ITBP जवान गिरफ्तार..

    प्यार से शुरू हुआ रिश्ता, शादी का वादा बना आरोप; दुष्कर्म और गर्भपात मामले में ITBP जवान गिरफ्तार..

    प्यार से शुरू हुआ रिश्ता, शादी का वादा बना आरोप; दुष्कर्म और गर्भपात मामले में ITBP जवान गिरफ्तार..

    बलिया जिले की पुलिस ने भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) के एक प्रशिक्षु जवान को एक युवती से कथित तौर पर शादी का झूठा वादा कर उससे दुष्कर्म करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने रविवार को यह जानकारी दी …

    Ballia News : बलिया जिले की पुलिस ने भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) के एक प्रशिक्षु जवान को एक युवती से कथित तौर पर शादी का झूठा वादा कर उससे दुष्कर्म करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने रविवार को यह जानकारी दी। पुलिस के अनुसार, गाजीपुर जिले के करीमुद्दीनपुर थाना क्षेत्र के एक गांव की निवासी 28 वर्षीय युवती की शिकायत पर 18 फरवरी को बलिया शहर कोतवाली में रसड़ा कोतवाली क्षेत्र के डेहरी गांव निवासी मुकेश गुप्त (26) के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की प्रासंगिक धाराओं में मामला दर्ज किया गया था।

    पुलिस ने बताया कि युवती बलिया शहर कोतवाली क्षेत्र के एक मोहल्ले में अपनी बहन के घर रहती थी और करीब दो वर्ष पहले उसकी मुकेश से जान-पहचान हुई, जो बाद में प्रेम संबंध में बदल गई। पुलिस के अनुसार आरोप है कि मुकेश ने शादी का झांसा देकर 2024 से लेकर इस वर्ष फरवरी तक युवती के साथ शारीरिक संबंध बनाए। फरवरी में वह आईटीबीपी के प्रशिक्षण केंद्र चला गया। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि प्रशिक्षण केंद्र जाने से पहले वह युवती को असम भी ले गया था।

    शहर कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक प्रवीण कुमार सिंह ने बताया कि बलिया पुलिस ने आरोपी मुकेश को तीन दिन पहले अरुणाचल प्रदेश के पापुमपारे जिले के किमीन स्थित आईटीबीपी के ‘भर्ती प्रशिक्षण केंद्र’ से गिरफ्तार किया। इसके बाद स्थानीय अदालत से ‘ट्रांजिट रिमांड’ लेकर उसे बलिया लाया गया। उन्होंने बताया कि शनिवार को आरोपी को बलिया की अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में मऊ जिला जेल भेज दिया गया।

  • स्कूल बंद होते ही शुरू करता था गंदी हरकतें, सरकारी शिक्षक चढ़ा पुलिस के हत्थे..

    स्कूल बंद होते ही शुरू करता था गंदी हरकतें, सरकारी शिक्षक चढ़ा पुलिस के हत्थे..

    स्कूल बंद होते ही शुरू करता था गंदी हरकतें, सरकारी शिक्षक चढ़ा पुलिस के हत्थे..

    कोन थाना क्षेत्र में पुलिस ने प्राथमिक विद्यालय बंद होने के उपरांत कार्यालय कक्ष में नाबालिग छात्राओं के साथ अशोभनीय एवं आपराधिक कृत्य करने के मामले में एक सरकारी शिक्षक को गिरफ्तार कर लिया है। बेसिक शिक्षा अधिकारी ने भी बच्चों से जानकारी लेने के बाद सरकारी शिक्षक टीपू सुल्तान को निलंबित कर विभागीय जांच के आदेश दिए हैं।

    पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा ने रविवार को बताया कि दो दिन पहले शुक्रवार को कोन थाना पर अभिभावकों ने तहरीर देकर बताया की प्राथमिक विद्यालय धोबी बस्ती कुड़वा में तैनात शिक्षक ने विद्यालय बंद होने के उपरांत कार्यालय कक्ष में नाबालिग छात्राओं को बुलाकर उनके साथ दुष्कर्म के प्रयास व लैंगिक अपराध जैसे अशोभनीय एवं आपराधिक कृत्य करने का प्रयास किया गया है। पुलिस सरकारी शिक्षक के खिलाफ पाॅस्को एक्ट व अन्य धाराओं में अभियोग पंजीकृत कर मामले की जांच में जुट गई। जांच के बाद पुलिस टीम आरोपी शिक्षक के गिरफ्तारी के लिए प्रयास में लगी थी। आज रविवार को मुखबिर की सूचना पर कोन थाना पुलिस टीम ने आरोपी सरकारी शिक्षक 34 वर्पीय टीपू सुल्तान पुत्र सैलानी, निवासी ग्राम रामगढ़, थाना पन्नूगंज को तिलगुड़वा मोड़, कस्बा कोन से गिरफ्तार कर लिया है।