Category: Uttar Pradesh

  • 20 लाख रुपये का लालच देकर गलत काम के लिए बनाया दबाव! सगी चाची पर गंभीर आरोप, युवती ने पुलिस से लगाई गुहार..

    20 लाख रुपये का लालच देकर गलत काम के लिए बनाया दबाव! सगी चाची पर गंभीर आरोप, युवती ने पुलिस से लगाई गुहार..

    20 लाख रुपये का लालच देकर गलत काम के लिए बनाया दबाव! सगी चाची पर गंभीर आरोप, युवती ने पुलिस से लगाई गुहार..

    उत्तर प्रदेश के जिले से रिश्तों को शर्मसार कर देने वाला मामला सामने आया है। एक युवती ने अपनी सगी चाची और गांव के एक युवक पर 20 लाख रुपये का लालच देकर कथित तौर पर अवैध और अश्लील गतिविधि के लिए दबाव बनाने का आरोप लगाया है। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

    20 लाख रुपये का ऑफर देकर बनाया दबाव

    पीड़िता के अनुसार, उसकी चाची और गांव का एक युवक कई दिनों से उसे एक प्रस्ताव स्वीकार करने के लिए दबाव बना रहे थे। आरोप है कि दोनों ने कहा कि यदि वह सिर्फ एक घंटे का एक काम कर ले, तो उसे 20 लाख रुपये मिलेंगे। साथ ही यह भी बताया गया कि इस पूरे सौदे की कीमत 80 लाख रुपये है और इस बारे में किसी भी परिजन को जानकारी नहीं देनी है।

    आजमगढ़ ले जाने की थी योजना

    युवती का कहना है कि जब उसने इस काम के बारे में विस्तार से पूछा, तो आरोपियों ने कथित तौर पर बताया कि उसे कार से आजमगढ़ ले जाया जाएगा, जहां उसे करीब एक घंटे तक रुकना होगा। जब उसने यह जानना चाहा कि आखिर इतनी बड़ी रकम किस काम के लिए दी जा रही है, तो उसे कथित रूप से अश्लील गतिविधि करने की बात बताई गई।

    यह सुनते ही युवती ने प्रस्ताव ठुकरा दिया और घर लौटकर पूरी घटना की जानकारी अपने परिवार को दे दी।

    विरोध करने पर धमकी देने का आरोप

    पीड़िता का आरोप है कि इसके बाद उसकी चाची और उसका सहयोगी उसके घर पहुंचे और परिवार के साथ गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी। घटना के बाद युवती ने दुल्लहपुर थाने पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई।

    पुलिस ने दर्ज की एफआईआर

    पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए दोनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली है। अधिकारियों का कहना है कि शिकायत में लगाए गए सभी आरोपों की जांच की जा रही है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

    नोट: इस खबर में लगाए गए आरोप शिकायतकर्ता के बयान और पुलिस में दर्ज एफआईआर पर आधारित हैं। मामले की सच्चाई का अंतिम निर्णय जांच और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही होगा।

  • मेडिकल कॉलेज में खूनी वारदात: छात्रा पर चाकू से हमला, इलाज के दौरान तोड़ा दम..

    मेडिकल कॉलेज में खूनी वारदात: छात्रा पर चाकू से हमला, इलाज के दौरान तोड़ा दम..

    मेडिकल कॉलेज में खूनी वारदात: छात्रा पर चाकू से हमला, इलाज के दौरान तोड़ा दम..

    जिला अस्पताल में मंगलवार को सहपाठी छात्र ने एक पैरामेडिकल छात्रा की चाकू मारकर हत्या कर दी। बचाने आई एक महिला कर्मचारी भी इस हमले में घायल हो गईं। पुलिस ने आरोपी छात्र को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के जांच में प्रेम प्रसंग की बात सामने आई है।

    मिली जानकारी के अनुसार राजकीय मेडिकल कॉलेज से संबद्ध जिला अस्पताल में मंगलवार सुबह सहपाठी छात्र सागर सिंह ने पैरामेडिकल छात्रा कशिश पटेल पर चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। जिसमें वह गंभीर रुप से घायल हो गयी। गंभीर रूप से घायल बरेली निवासी छात्रा कशिश पटेल को चिकित्सकों की टीम की निगरानी में प्राथमिक उपचार के बाद तुरंत बरेली रेफर कर दिया। जहां इलाज के दौरान छात्रा ने दम तोड़ दिया। इस घटना से अस्पताल परिसर में हड़कंप मच गया। छात्रा को बचाने के लिए आगे आई सीटी स्कैन विभाग की महिला कर्मचारी पर भी आरोपी ने चाकू से हमला कर दिया। यह घटना जिला अस्पताल परिसर स्थित सीटी स्कैन रूम में हुई। हमले के बाद अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी मच गई और मरीजों व तीमारदारों में दहशत फैल गई। घटना के बाद मेडिकल कॉलेज परिसर में पैरामेडिकल छात्राएं धरने पर बैठ गईं

    घटना के बाद शोर-शराबा सुनकर मेडिकल कॉलेज के कर्मचारी और अन्य लोग मौके पर पहुंचे। उन्होंने आरोपी सागर सिंह को घेरकर पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण कर मामले की जानकारी जुटाई। प्रारंभिक जांच में घटना के पीछे प्रेम प्रसंग की बात सामने आई है। पुलिस अधीक्षक सुकीर्ति माधव ने बताया कि आरोपी छात्र को हिरासत में ले लिया गया है। उन्होंने कहा कि उससे पूछताछ की जा रही है और पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।

  • क्या सहमति से बने संबंध को रेप कहा जा सकता है? हाईकोर्ट ने दिया बड़ा जवाब..

    क्या सहमति से बने संबंध को रेप कहा जा सकता है? हाईकोर्ट ने दिया बड़ा जवाब..

    क्या सहमति से बने संबंध को रेप कहा जा सकता है? हाईकोर्ट ने दिया बड़ा जवाब..

    हाईकोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर यह विवाद मुख्य रूप से दीवानी और आर्थिक प्रकृति का प्रतीत होता है और रेप के आरोप प्रथम दृष्टया सिद्ध नहीं होते।

    प्रयागराज। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में कहा है कि दो बालिगों के बीच आपसी सहमति से लंबे समय तक बने शारीरिक संबंधों को केवल शादी का वादा पूरा न होने के आधार पर दुष्कर्म (रेप) नहीं माना जा सकता, खासकर तब जब विवाद का मूल स्वरूप दीवानी (सिविल) और आर्थिक प्रकृति का हो।

    यह फैसला न्यायमूर्ति संतोष राय की एकल पीठ ने सुनाया। अदालत ने आरोपी सौरभ पाल सिंह को आईपीसी की धारा 376, 420, 406, 504, 506 और एससी/एसटी एक्ट की धारा 3(2)(v) के तहत लगाए गए सभी आरोपों से बरी कर दिया। साथ ही ट्रायल कोर्ट के उस आदेश को भी रद्द कर दिया, जिसमें आरोपी की डिस्चार्ज अर्जी खारिज कर आरोप तय किए गए थे।

    क्या था मामला?

    एफआईआर के अनुसार, प्रयागराज की एक दलित छात्रा ने आरोप लगाया था कि आरोपी ने शादी का वादा कर लंबे समय तक उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। महिला का यह भी आरोप था कि आरोपी ने रेस्टोरेंट का कारोबार शुरू करने के नाम पर उसका एटीएम कार्ड, छात्रवृत्ति की रकम, गहने और करीब 15 लाख रुपये ले लिए। बाद में उसने शादी से इनकार कर दिया और कथित रूप से धमकियां भी दीं। महिला ने यह भी आरोप लगाया कि आरोपी और उसके परिवार ने जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल कर उसका अपमान किया।

    हाईकोर्ट ने क्या कहा?

    हाईकोर्ट ने कहा कि रिकॉर्ड पर मौजूद साक्ष्यों से यह स्पष्ट नहीं होता कि शादी का वादा शुरू से ही झूठा था या आरोपी की मंशा धोखा देने की थी। अदालत ने सुप्रीम कोर्ट के पूर्व फैसलों का हवाला देते हुए कहा कि रेप का मामला तभी बनता है, जब यह साबित हो कि शादी का वादा शुरुआत से ही धोखे की नीयत से किया गया था।

    अदालत ने यह भी उल्लेख किया कि सीआरपीसी की धारा 164 के तहत दर्ज बयान में शिकायतकर्ता ने स्वीकार किया था कि दोनों के बीच कोई प्रेम संबंध नहीं था, बल्कि दोस्ती के आधार पर शारीरिक संबंध बने थे। वहीं धारा 161 के बयान के अनुसार, दोनों के बीच 2014 से संबंध थे।

    आर्थिक विवाद को बताया सिविल मामला

    कोर्ट ने कहा कि महिला ने खुद स्वीकार किया था कि 15 लाख रुपये कारोबार के लिए दिए गए थे। बाद में वादा पूरा न होने से यह मामला स्वतः धोखाधड़ी का आपराधिक मामला नहीं बन जाता। अदालत ने यह भी नोट किया कि चेक बाउंस होने के बावजूद शिकायतकर्ता ने न तो एनआई एक्ट के तहत कोई कार्रवाई की और न ही पैसे की वसूली के लिए दीवानी मुकदमा दायर किया।

    एससी/एसटी एक्ट पर भी टिप्पणी

    हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि केवल पीड़िता के अनुसूचित जाति से होने मात्र से एससी/एसटी एक्ट के तहत अपराध स्वतः सिद्ध नहीं हो जाता। अभियोजन को यह साबित करना होता है कि कथित अपराध जातिगत पहचान के आधार पर किया गया था। अदालत के अनुसार, रिकॉर्ड में ऐसा कोई प्रथमदृष्टया साक्ष्य नहीं मिला। हाईकोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर यह विवाद मुख्य रूप से दीवानी और आर्थिक प्रकृति का प्रतीत होता है और रेप के आरोप प्रथम दृष्टया सिद्ध नहीं होते।

  • 16 दिन पहले गूंजी थीं शहनाइयां, अब घर में पसरा मातम! दहेज प्रताड़ना के आरोपों से मचा हड़कंप..

    16 दिन पहले गूंजी थीं शहनाइयां, अब घर में पसरा मातम! दहेज प्रताड़ना के आरोपों से मचा हड़कंप..

    16 दिन पहले गूंजी थीं शहनाइयां, अब घर में पसरा मातम! दहेज प्रताड़ना के आरोपों से मचा हड़कंप..

    उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के बिशारतगंज थाना क्षेत्र में पुलिस ने रविवार को एक नदी से उस नवविवाहिता का शव बरामद किया, जिसकी शादी 16 दिन पहले हुई थी। पुलिस ने बताया कि घटना के सिलसिले में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है…

    बरेली : उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के बिशारतगंज थाना क्षेत्र में पुलिस ने रविवार को एक नदी से उस नवविवाहिता का शव बरामद किया, जिसकी शादी 16 दिन पहले हुई थी। पुलिस ने बताया कि घटना के सिलसिले में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।

    दहेज हत्या का आरोप
    बिशारतगंज थाना प्रभारी (एसएचओ) प्रदीप कुमार चतुर्वेदी ने बताया कि मृतका की पहचान श्रीदेवी (21) के रूप में हुई है, जो रघुवीरपुरा गांव की रहने वाली थी। उन्होंने बताया कि श्रीदेवी के पिता नेत्रपाल ने अपने दामाद और उसके घर वालों पर दहेज के लिए हत्या का आरोप लगाते हुए पुलिस में तहरीर दी है।

    मौत पर परिजनों ने जताया संदेह
    चतुर्वेदी के मुताबिक, तहरीर में नेत्रपाल ने आरोप लगाया कि उसकी बेटी को दहेज के लिए परेशान किया जा रहा था और श्रीदेवी की मौत सामान्य नहीं है। नेत्रपाल ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।

    पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
    चतुर्वेदी के अनुसार, मौत का सही कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही साफ होगा। उन्होंने कहा कि फिलहाल परिजन की तहरीर, घटनास्थल से मिले तथ्यों और जांच में सामने आने वाले सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर कार्रवाई की जा रही है।

    26 जून को हुई थी शादी
    परिजन के मुताबिक, श्रीदेवी की शादी 26 जून को बदायूं जिले के एक युवक के साथ हुई थी और कुछ दिन बाद ही वह मायके लौट आई थी। उन्होंने दावा किया कि श्रीदेवी ससुराल में खुश नहीं थी और उसे दहेज के लिए प्रताड़ित किया जा रहा था, जिसके चलते वह दोबारा वहां जाने से मना कर रही थी।

    9 जुलाई से थी लापता
    परिजन के अनुसार, नौ जुलाई को श्रीदेवी अचानक घर से बिना कुछ बताए निकल गई और काफी देर तक जब वह वापस नहीं आई, तो घरवालों ने उसकी तलाश शुरू की। उन्होंने कहा कि इस बीच कुछ ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने श्रीदेवी को नदी की तरफ जाते देखा था, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने ग्रामीणों और गोताखोरों की मदद से नदी और आसपास के इलाके में लगातार तलाश की, जिसके बाद रविवार को श्रीदेवी का शव बरामद हुआ।

  • पत्नी की हत्या में सजा काट चुका था शख्स, जेल से निकलते ही बहू की ले ली जान, फिर जो किया उससे पूरे इलाके में मच गया हड़कंप..

    पत्नी की हत्या में सजा काट चुका था शख्स, जेल से निकलते ही बहू की ले ली जान, फिर जो किया उससे पूरे इलाके में मच गया हड़कंप..

    पत्नी की हत्या में सजा काट चुका था शख्स, जेल से निकलते ही बहू की ले ली जान, फिर जो किया उससे पूरे इलाके में मच गया हड़कंप..

    उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है. लालगंज थाना क्षेत्र के एक गांव में एक व्यक्ति ने अपने ही परिवार की महिला की बेरहमी से हत्या कर दी और इसके बाद खुद भी आत्महत्या कर ली. हैरानी की बात यह है कि आरोपी पहले भी अपनी पत्नी की हत्या के मामले में जेल की सजा काट चुका था और कुछ समय पहले ही रिहा होकर गांव लौटा था. घटना के बाद गांव में तनाव और दहशत का माहौल है. पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है.

    विवाद के बाद जेठ ने की भाभी की हत्या मामला लालगंज थाना क्षेत्र के तेंदुहनी बेलहा गांव का है. यहां रहने वाली 26 वर्षीय संगीता, पत्नी ननकू, रविवार शाम अपने घर पर मौजूद थीं. बताया जा रहा है कि इसी दौरान उनके जेठ छोटेलाल उर्फ कलट्टर से किसी बात को लेकर विवाद हो गया. परिजनों के अनुसार, कहासुनी धीरे-धीरे इतनी बढ़ गई कि छोटेलाल ने अपना आपा खो दिया. आरोप है कि उसने संगीता की जमकर पिटाई कर दी. मारपीट के दौरान गंभीर चोट लगने से संगीता की मौके पर ही मौत हो गई.

    बगीचे में जाकर लगा ली फांसी

    संगीता की हत्या के बाद आरोपी छोटेलाल घर से निकल गया. बताया जा रहा है कि वह पुलिस कार्रवाई से बचने के लिए गांव के बाहर स्थित एक बगीचे में पहुंचा, जहां उसने पेड़ से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. घटना की जानकारी मिलते ही लालगंज पुलिस मौके पर पहुंची. पुलिस टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया.

    पत्नी की हत्या के मामले में काट चुका था सजा

    इस मामले में सबसे चौंकाने वाली बात यह सामने आई है कि आरोपी छोटेलाल पहले भी हत्या के मामले में जेल जा चुका था. मृतका के भाई संदीप के मुताबिक, छोटेलाल अपनी पत्नी की दहेज हत्या के मामले में दोषी ठहराया गया था. करीब 10 साल की सजा पूरी करने के बाद वह लगभग 15 से 16 महीने पहले ही जेल से बाहर आया था. इसके बाद वह गांव में रह रहा था. किसी ने भी अंदाजा नहीं लगाया था कि वह दोबारा इतनी खौफनाक वारदात को अंजाम दे देगा.

    दो छोटे बच्चों के सिर से उठा मां का साया

    संगीता की मौत के बाद उसके परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है. वह अपने पीछे पांच साल के बेटे लाडो और महज पांच महीने की बेटी पारो को छोड़ गई हैं. मां की मौत के बाद दोनों मासूम बच्चों के भविष्य को लेकर परिवार में मातम पसरा हुआ है. घटना के बाद मृतका के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है. गांव में भी इस घटना को लेकर लोग स्तब्ध हैं.

    पुलिस ने शुरू की मामले की जांच

    लालगंज थाना प्रभारी वेद प्रकाश पांडेय ने बताया कि शुरुआती जांच में सामने आया है कि बड़े भाई ने छोटे भाई की पत्नी की पीट-पीटकर हत्या की और बाद में खुद आत्महत्या कर ली. पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. इसके अलावा घटना के पीछे की वजह और सभी संभावित पहलुओं की जांच की जा रही है, ताकि पूरे मामले की सच्चाई सामने आ सके.

  • हिंदू युवती के साथ बाजार में घूम रहा था मुस्लिम युवक, फिर मच गया बवाल; मारपीट के बाद कई लोगों पर FIR..

    हिंदू युवती के साथ बाजार में घूम रहा था मुस्लिम युवक, फिर मच गया बवाल; मारपीट के बाद कई लोगों पर FIR..

    हिंदू युवती के साथ बाजार में घूम रहा था मुस्लिम युवक, फिर मच गया बवाल; मारपीट के बाद कई लोगों पर FIR..

    Muzaffarnagar News: मुजफ्फरनगर जिले के सिविल लाइंस थाना क्षेत्र में जिला परिषद बाजार के पास रविवार शाम एक मुस्लिम युवक को एक हिंदू महिला के साथ पाए जाने पर कथित तौर पर कुछ हिंदू कार्यकर्ताओं ने पीट दिया। पुलिस ने सोमवार को यह जानकारी दी। पुलिस क्षेत्राधिकारी (नगर) सिद्धार्थ मिश्रा ने बताया कि मामले में पांच नामजद आरोपियों गौरव शर्मा, कुशलवीर, शुभम, प्रशांत शर्मा और लोकेश सैनी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। 

    उन्होंने बताया कि पीड़ित युवक की पहचान शामली जिले के निवासी मेहताब के रूप में हुई है। वह तानिया नामक एक महिला के साथ मुजफ्फरनगर आया था। पुलिस ने युवक की मेडिकल जांच भी कराई है। पुलिस में दर्ज शिकायत के अनुसार, तानिया ने आरोप लगाया कि वह और मेहताब छोले भटूरे की दुकान पर बैठे थे, तभी कुछ लोग वहां पहुंचे और दोनों से उनकी पहचान पूछी। इसके बाद आरोप है कि उन्होंने मुस्लिम युवक के साथ मारपीट की। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और युवक तथा महिला को सुरक्षित वहां से ले गई। मामले की जांच की जा रही है।

  • हॉर्न की आवाज से भड़का पड़ोसी! गाजियाबाद में युवक की गोली मारकर हत्या, भाई पर भी जानलेवा फायरिंग से मचा हड़कंप.

    हॉर्न की आवाज से भड़का पड़ोसी! गाजियाबाद में युवक की गोली मारकर हत्या, भाई पर भी जानलेवा फायरिंग से मचा हड़कंप.

    हॉर्न की आवाज से भड़का पड़ोसी! गाजियाबाद में युवक की गोली मारकर हत्या, भाई पर भी जानलेवा फायरिंग से मचा हड़कंप.

    दिल्ली से सटे गाजियाबाद के लोनी इलाके में एक व्यक्ति को बाइक का हॉर्न बजाना इतना नागवार गुजरा कि उसने अपने पड़ोसी युवक की गोली मारकर हत्या कर दी। पुलिस एफआईआर दर्ज कर आरोपी की तलाश कर रही है।

    गाजियाबाद के लोनी बॉर्डर थाना क्षेत्र में रविवार देर रात पड़ोसी ने बाइक का हॉर्न बजाने पर एक युवक की गोली मारकर हत्या कर दी। इसके साथ ही बीच-बचाव करने आए उसके भाई पर भी फायर कर दिया। गनीमत रही कि गोली उसे छूते हुए निकल गई और वह बाल-बाल बच गया। वारदात के बाद आरोपी फरार हो गए। पुलिस ने मुख्य आरोपी, उसके पिता और पत्नी समेत तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।

    लोनी की रतिराम कॉलोनी निवासी 25 वर्षीय विपिन प्रजापति दिल्ली स्थित एक पेंट ब्रश बनाने की फैक्टरी में काम करता था। रविवार रात‌ उसकी भतीजी का नामकरण समारोह चल रहा था।‌ वह रात करीब 11:40 बजे नामकरण समारोह में आए रिश्तेदारों को छोड़कर बाइक से घर लौट रहा था। रास्ते में पड़ोसी सोनू खड़ा मिला। विपिन ने रास्ता खाली करने के लिए हॉर्न बजाया, लेकिन वह नहीं हटा।

    थप्पड़ मारकर बाइक से नीचे गिराया

    आरोप है कि विपिन की बाइक पास पहुंचते ही सोनू ने उसे रोका और थप्पड़ मारकर नीचे गिरा दिया। आरोपी ने विपिन को संभालने का भी मौका नहीं दिया और गिरते ही पिस्टल निकाल कर उसे गोली मार दी। विपिन का भाई पवन भी घटनास्थल के पा‌स ही था। गोली चलने की आवाज सुनकर उसने विपिन को बचाने की कोशिश की तो सोनू ने उस पर भी फायर कर दिया। गोली पवन को छूते हुए निकल गई, जिससे वह बाल-बाल बच गया। इसके बाद परिजन घायल विपिन को तुरंत दिल्ली के जीटीबी अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। वारदात को अंजाम देने बाद आरोपी मौके से फरार हो गए।

    आरोपी परिवार सहित फरार, पुलिस ने दर्ज की एफआईआर

    सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) अंकुर विहार अमरदीप मौर्य ने बताया कि सोनू, उसके पिता ब्रह्मपाल और उसकी पत्नी के खिलाफ हत्या समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस की टीमें फरार आरोपियों की तलाश में दबिश दे रही हैं और जल्द उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा। पुलिस इलाके के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने के साथ ही आसपास के लोगों से भी आरोपियों के जानकारी जुटा रही है।

    अपराधिक प्रवृत्ति का है आरोपी

    खुशी के मौके पर विपिन की हत्या के बाद माहौल गमगीन हो गया। वहीं इलाके में रहने वाले लोगों में रोष है। स्थानीय लोगों का कहना है कि आरोपी आपराधिक प्रवृत्ति का है। आए दिन आसपास के लोगों से दबंगई दिखाता है।‌ लोगों ने आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। वहीं पुलिस एहतियात के तौर पर क्षेत्र में निगरानी बनाए हुए है।

  • एक शादीशुदा महिला, दो आशिक और 11 बोतल बीयर… फिर हुआ ऐसा खूनी खेल कि दहल उठा पूरा इलाका..

    एक शादीशुदा महिला, दो आशिक और 11 बोतल बीयर… फिर हुआ ऐसा खूनी खेल कि दहल उठा पूरा इलाका..

    एक शादीशुदा महिला, दो आशिक और 11 बोतल बीयर… फिर हुआ ऐसा खूनी खेल कि दहल उठा पूरा इलाका..

    UP: एक शादीशुदा महिला, दो आशिक, 11 बोतल बियर और… प्रेम प्रसंग में दोस्‍त ने कुल्‍हाड़ी से काटकर की दोस्‍त की हत्या, पोखरे के किनारे मिला शव, दो गिरफ्तार |

    उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जनपद के कसया थाना क्षेत्र के ढिघवा वार्ड नंबर-5 पोखरा टोला में 20 वर्षीय युवक गौरव की हत्या का पुलिस ने खुलासा करते हुए प्रेम-प्रसंग को घटना की मुख्य वजह बताया है। पुलिस के अनुसार एक ही युवती से प्रेम संबंध को लेकर मृतक गौरव और आरोपी नितेश कुमार के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी रंजिश ने आखिरकार खूनी रूप ले लिया। पुलिस ने मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक नाबालिग को सुधारगृह भेजा गया है। पुलिस ने हत्या में प्रयोग किए गए कुल्हाड़ी को भी बरामद कर लिया है।

    आपको बता दें कि 10 जुलाई को गांव के बाहर पोखरे के किनारे खेत में गौरव का शव मिलने से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई थी। सूचना पर पहुंची कसया पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। परिजनों की तहरीर पर अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक केशव कुमार ने कसया थाना पुलिस, सर्विलांस टीम और स्वाट टीम को जल्द से जल्द घटना का खुलासा करने के निर्देश दिए थे।

    शराब पिलाने के बहाने बुलाया, फिर कुल्हाड़ी से कर दी हत्या

    पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी नितेश कुमार ने अपने दो साथियों के साथ मिलकर पहले से हत्या की योजना बनाई थी। पुलिस के अनुसार 9 जुलाई की रात गौरव को शराब पिलाने के बहाने गांव के बाहर पोखरे के पास बुलाया गया। वहां पहले से मौजूद साथियों के साथ मिलकर आरोपी ने कुल्हाड़ी से उस पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। गंभीर चोटों के कारण गौरव की मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद आरोपी शव को पोखरे के किनारे खेत में फेंककर फरार हो गए, ताकि घटना को छिपाया जा सके।

    छह घंटे में खुलासा, दो आरोपी गिरफ्तार

    घटना के खुलासे के लिए पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों, मोबाइल लोकेशन और सर्विलांस की मदद ली। पुलिस का दावा है कि महज छह घंटे के भीतर पूरी घटना का पर्दाफाश कर दिया गया। जांच के दौरान दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जबकि वारदात में शामिल एक नाबालिग को अभिरक्षा में लिया गया। आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी भी बरामद कर ली गई। पुलिस सभी आरोपियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई कर रही है।

    अपर पुलिस अधीक्षक बोले जांच में सामने आया प्रेम-प्रसंग का विवाद

    अपर पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ वर्मा ने बताया कि प्रारंभिक जांच और पूछताछ में प्रेम-प्रसंग को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद की बात सामने आई है। उपलब्ध साक्ष्यों और आरोपियों के बयान के आधार पर पुलिस ने कार्रवाई की है। उन्होंने बताया कि मामले की जांच आगे भी जारी रहेगी और सभी पहलुओं की गहन पड़ताल की जाएगी। पुलिस ने कहा कि जो भी तथ्य जांच में सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

  • पहले मां को हटाओ, फिर बेटी को ले जाओ…” सास की अजीब शर्त सुनकर पुलिस भी रह गई हैरान..

    पहले मां को हटाओ, फिर बेटी को ले जाओ…” सास की अजीब शर्त सुनकर पुलिस भी रह गई हैरान..

    पहले मां को हटाओ, फिर बेटी को ले जाओ…” सास की अजीब शर्त सुनकर पुलिस भी रह गई हैरान..

    Agra Crime News: उत्तर प्रदेश के आगरा से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने मां-बेटे के रिश्ते को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं. आरोप है कि जिस मां ने अपने बेटे को जन्म दिया, उसे पाल-पोसकर बड़ा किया और जीवन भर उसका साथ दिया, उसी बेटे ने उसे जहर मिला खाना खिला दिया.

    इस मामले में बेटे की सास पर भी साजिश में शामिल होने का आरोप लगाया गया है. हालांकि, अभी इन आरोपों की जांच चल रही है और पूरी सच्चाई पुलिस जांच के बाद ही सामने आएगी.

    छोले की सब्जी में जहर मिलाने का आरोप

    मामला आगरा के पिनाहट थाना क्षेत्र के बरपुरा गांव का है. पुलिस में दर्ज शिकायत के मुताबिक, 9 जुलाई 2026 को दोपहर करीब 3 बजे रविन्द्र पर अपनी मां राममूर्ति को जहरीला खाना खिलाने का आरोप लगा.

    पीड़िता के पति रनवीर सिंह का आरोप है कि रविन्द्र ने छोले की सब्जी में जहरीला पदार्थ मिलाकर अपनी मां को खिला दिया. खाना खाने के बाद राममूर्ति की तबीयत बिगड़ गई, जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया. फिलहाल उनका इलाज चल रहा है.

    सास पर भी साजिश का आरोप

    इस मामले में सबसे बड़ा आरोप रविन्द्र की सास फूलवती को लेकर लगाया गया है. एफआईआर के अनुसार, रविन्द्र ने अपने पिता को बताया कि जहरीला पदार्थ उसे उसकी सास ने दिया था. आरोप है कि फूलवती ने उसे गटपुरा गांव बुलाकर जहर की पुड़िया दी और कहा कि अगर वह अपनी मां को रास्ते से हटा देगा, तभी उसकी बेटी को उसके साथ भेजा जाएगा. यानी शिकायत में आरोप लगाया गया है कि मां को नुकसान पहुंचाने की कथित साजिश में पत्नी की मां भी शामिल थी.

    जमीन विवाद को बताया जा रहा वजह

    रविन्द्र के भाई मुकेश ने आरोप लगाया है कि परिवार में जमीन को लेकर विवाद चल रहा था. उसका कहना है कि रविन्द्र की सास ने अपनी बेटी को मायके में रोक रखा था और कथित तौर पर शर्त रखी थी कि अगर रविन्द्र अपनी मां को जहर दे देगा, तभी बेटी को उसके साथ भेजा जाएगा. इसके बाद आरोप है कि छोले की सब्जी में जहर मिलाकर मां को खिला दिया गया.

    पुलिस ने दर्ज किया मामला, जांच जारी

    पुलिस ने इस मामले में रविन्द्र और उसकी सास फूलवती के खिलाफ बीएनएस की धारा 61, 109 और 123 के तहत केस दर्ज किया है. पुलिस ने आरोपी बेटे को गिरफ्तार कर लिया है. अब मामले की जांच मेडिकल रिपोर्ट, फॉरेंसिक जांच और दूसरे सबूतों के आधार पर की जा रही है.

    फिलहाल एफआईआर में लगाए गए आरोपों की जांच जारी है. मामले की पूरी सच्चाई पुलिस जांच और अदालत में पेश किए जाने वाले सबूतों के आधार पर ही सामने आएगी.

  • गोरखपुर में रोडरेज के बाद युवती से मारपीट का आरोप, वायरल वीडियो के बाद पुलिस की कार्रवाई तेज

    गोरखपुर में रोडरेज के बाद युवती से मारपीट का आरोप, वायरल वीडियो के बाद पुलिस की कार्रवाई तेज

    गोरखपुर में रोडरेज के बाद युवती से मारपीट का आरोप, वायरल वीडियो के बाद पुलिस की कार्रवाई तेज

    उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में रोडरेज की एक घटना ने महिलाओं की सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी है। शाहपुर थाना क्षेत्र स्थित रेलवे अस्पताल के पास कार और बाइक की मामूली टक्कर के बाद कुछ युवकों पर 24 वर्षीय युवती को कार से बाहर खींचकर मारपीट करने का आरोप लगा है। पीड़िता का कहना है कि आरोपियों ने उसके साथ अभद्र व्यवहार किया, गलत तरीके से छुआ और कपड़े फाड़ने की भी कोशिश की। घटना का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने मामले में गंभीर धाराएं जोड़ते हुए जांच तेज कर दी है।

    बीमार पिता को अस्पताल ले जाते समय हुआ विवाद

    बताया जा रहा है कि घटना 9 जुलाई की शाम की है। युवती अपने बीमार पिता को इलाज के लिए रेलवे अस्पताल लेकर जा रही थी। इसी दौरान उसकी कार की एक बाइक से हल्की टक्कर हो गई। आरोप है कि बाइक सवार ने अपनी गलती मानने के बजाय युवती पर माफी मांगने का दबाव बनाया। विरोध करने पर उसने अपने साथियों को बुला लिया, जो एक एसयूवी से मौके पर पहुंचे और देखते ही देखते विवाद हिंसक हो गया।

    बीच सड़क पर बाल पकड़कर की मारपीट

    पीड़िता के मुताबिक आरोपियों ने उसके बाल पकड़कर उसे कार से बाहर खींच लिया और बीच सड़क पर लात-घूंसों से हमला किया। उसने आरोप लगाया कि इस दौरान उसके साथ अभद्रता की गई, कपड़े फाड़ने की कोशिश हुई और जान से मारने के साथ दुष्कर्म की धमकी भी दी गई। आरोपियों ने उसकी कार में भी तोड़फोड़ की, जिससे वाहन के शीशे क्षतिग्रस्त हो गए। पूरी घटना के दौरान कार में मौजूद उसके बीमार पिता बेबस होकर यह सब देखते रहे।

    वीडियो वायरल होने के बाद बढ़ीं गंभीर धाराएं

    घटना के बाद दर्ज कराई गई शुरुआती शिकायत में अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। बाद में सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने और आरोपों की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने हत्या के प्रयास, महिला की लज्जा भंग करने, मारपीट, धमकी और संपत्ति को नुकसान पहुंचाने जैसी गंभीर धाराएं भी जोड़ दीं। इसके बाद जांच की रफ्तार बढ़ा दी गई।

    मुख्य आरोपी गिरफ्तार, अन्य की तलाश जारी

    पुलिस ने मामले के मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। अधिकारियों के अनुसार आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान की गई। पीड़िता ने भी दावा किया है कि वह सभी आरोपियों की पहचान कर सकती है। मामले की जांच एक उपनिरीक्षक को सौंपी गई है, जबकि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है।

    कई टीमों का गठन, पुलिस जुटी जांच में

    पुलिस अधिकारियों के मुताबिक शेष आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग टीमें बनाई गई हैं। सीसीटीवी फुटेज, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ रही है। अधिकारियों का कहना है कि सभी आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। साथ ही पीड़िता और उसके परिवार की सुरक्षा के लिए भी आवश्यक कदम उठाए गए हैं।

    जांच के बाद सामने आएंगे पूरे मामले के तथ्य

    पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की जा रही है। वायरल वीडियो, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर घटनाक्रम की पुष्टि की जाएगी। जांच पूरी होने के बाद न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया जाएगा। फिलहाल मुख्य आरोपी पुलिस की गिरफ्त में है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश लगातार जारी है।