रगों के प्रयोग से भी चमका सकते हैं अपनी किस्मत… लेकिन कैसे… यहां जानिए..

रगों के प्रयोग से भी चमका सकते हैं अपनी किस्मत… लेकिन कैसे… यहां जानिए..
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दुनिया में मुख्य रूप से दो ही शक्तियां काम करती हैं. एक रंग और दूसरा तरंग. इन्हीं शक्तियों से ही सारी सृष्टि चलती है. हर व्यक्ति, वस्तु यहां तक कि शब्दों और भावनाओं का भी रंग होता है. रंगों से ही हमारा मिलन होता है और रंग ही हमें दूर भी करते हैं. रंग के आधार पर ही सारे ग्रह, नक्षत्र और ज्योतिष काम करता है. सही और सटीक रंग हमारी किस्मत को मजबूत करते हैं और बाकी रंगों से किस्मत कमजोर होती है.

क्या है लाल रंग की विशेषता
अत्यंत ऊर्जा और शक्ति का रंग लाल है. ज्योतिष में इसको मंगल और सूर्य का रंग माना जाता है. अगर यह रंग शुभ हो तो आत्मविश्वास, साहस और अच्छे स्वास्थ्य की प्रप्ति होती है. इस रंग के नुकसान करने पर दुर्घटनाओं और चोट-चपेट की संभावनाएं बढ़ जाती हैं. अगर मन जल्दी अशांत होता हो तो इस रंग का प्रयोग नहीं करना चाहिए.  मिथुन और कन्या राशी के लोगों को यह रंग आम तौर पर लाभ नहीं करता.

क्या है पीला रंग की विशेषता
पीला रंग शुभ चीज़ों और मंगल कार्यों से सम्बन्ध रखता है. ज्योतिष में इसको बृहस्पति का रंग माना जाता है. अगर यह रंग अनुकूल हो तो शिक्षा, संतान सुख और ईश्वर की कृपा प्राप्त होती है. अगर यह रंग नुकसान करे तो पेट और दाम्पत्य जीवन में समस्या आ जाती है. जो लोग स्वभाव से सात्विक न हों उन्हें इस रंग का प्रयोग नहीं करना चाहिए. यह रंग वृष, तुला और मकर राशी के लिए अनुकूल नहीं होता.

हरा रंग की विशेषता
हरा रंग अच्छे स्वास्थ्य और मूड से सीधा सम्बन्ध रखता है. ज्योतिष में यह बुध का रंग माना जाता है. अगर यह रंग लाभदायक हो तो मन और दिमाग को अच्छा करता है, स्वास्थ्य उत्तम कर देता है. अगर यह रंग नुकसान करे तो चिंताएं बढ़ा देता है तथा त्वचा की समस्या दे सकता है. जिन लोगों को दिमाग और वाणी का ज्यादा प्रयोग करना हो ऐसे लोगों को इस रंग का प्रयोग जरूर करना चाहिए. यह रंग कर्क और वृश्चिक राशी के लिए अनुकूल नहीं होता.

नीला रंग
यह रंग तीव्र आध्यात्म और भाग्य से सम्बन्ध रखता है. ज्योतिष में इसको शुभ शनि का रंग माना जाता है. यह रंग लाभ दे तो व्यक्ति की बुद्धि और कार्य की क्षमता को बढाता है, अंतर्ज्ञान की क्षमता बढ़ा देता है. अगर नुकसान करे तो वाणी ख़राब करता है और करियर को रोक देता है. जिन लोगों को आध्यात्मिक और मानसिक उन्नति करनी हो उनको हल्के नीले रंग का प्रयोग जरूर करना चाहिए. यह रंग मिथुन, तुला और कुम्भ राशी के लिए अत्यंत शुभ होता है.

सफेद रंग
यह रंग वास्तव में सातों रंग का सटीक मिश्रण है. यह रंग चन्द्रमा और शुक्र का रंग माना जाता है. ईश्वर-आध्यात्म तथा सफलता की उच्चतम स्थिति का सम्बन्ध इस रंग से है. यह रंग जब स्वयं से अनुकूल लगने लगे या दिखने लगे तो ईश्वर की कृपा समझनी चाहिए. जिन लोगों को इस रंग का अनुभव होने लगता है, उनको जीवन में अपने व्यवहार और स्वभाव का ध्यान रखना चाहिए.

काला रंग
यह रंग वास्तव में कोई रंग नहीं है, जहां कोई रंग नहीं होता, वहां काला रंग होता है. यह रंग शनि के अशुभ प्रभाव को दर्शाता है. हालांकि इस रंग को नकारात्मक माना जाता है, पर आध्यात्मिक जीवन की शुरुआत यहीं से होती है. यह रंग तभी ज्यादा प्रयोग करना चाहिए, जब जीवन सामान्य गति से चल रहा हो. अगर आप जिन्दगी के बुरे दौर से गुजर रहे हों तो भूल कर भी इस रंग का प्रयोग न करें.

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