
उत्तर प्रदेश से सामने आई एक वारदात ने रिश्तों और तथाकथित इज्जत के नाम पर होने वाली हिंसा को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। आरोप है कि एक नाबालिग लड़की की उसके ही पिता ने हत्या कर दी। लड़की की गांव के ही एक युवक से दोस्ती थी और इसी बात को लेकर पिता कथित तौर पर नाराज चल रहा था।
मामला एकता थाना क्षेत्र के एक गांव का बताया जा रहा है। घटना सितंबर की शुरुआत की है। पुलिस के मुताबिक, करीब 17 साल की किशोरी कुछ दिन पहले बिना बताए घर से चली गई थी। देर रात जब वह वापस लौटी तो परिवार को उसके एक युवक से संपर्क और दोस्ती की जानकारी हुई। इसके बाद घर में तनाव का माहौल बताया गया।
बेटी की दोस्ती से नाराज था पिता
बताया जा रहा है कि लड़की की गांव के ही एक युवक से दोस्ती थी। परिवार को यह रिश्ता पसंद नहीं था। घटना वाले दिन लड़की घर पर अकेली थी। उसका भाई काम के सिलसिले में बाहर गया हुआ था, जबकि मां भी किसी काम से घर से बाहर थी।
इसी दौरान आरोप है कि पिता ने बेटी से विवाद किया। विवाद इतना बढ़ गया कि उसने कथित तौर पर धारदार कृषि उपकरण से उस पर हमला कर दिया। गंभीर चोट लगने के बाद लड़की की मौत हो गई।
हत्या के बाद खुद पुलिस को दी जानकारी
घटना के बाद आरोपी पिता ने कथित तौर पर खुद पुलिस को सूचना दी। पुलिस पूछताछ में उसने बेटी की हत्या करने की बात स्वीकार किए जाने का दावा किया। शुरुआती जानकारी के अनुसार, आरोपी ने परिवार की कथित ‘इज्जत’ का हवाला दिया था।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मामले में पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच की।
आगरा में पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे मामले
आगरा में इससे पहले भी प्रेम संबंध या परिवार की मर्जी के खिलाफ शादी को लेकर युवतियों की हत्या के मामले सामने आते रहे हैं। एक मामले में युवती ने परिवार की इच्छा के खिलाफ दूसरे समुदाय में शादी की थी। इसके बाद उसकी हत्या का आरोप उसके परिजनों पर लगा था।
एक अन्य मामले में भी प्रेम संबंध की जानकारी सामने आने के बाद युवती की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हुई थी। पुलिस ने जांच के दौरान परिवार के सदस्यों की भूमिका की जांच की थी।
‘इज्जत’ के नाम पर बेटी की जान लेना बना गंभीर सवाल
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि परिवार की कथित प्रतिष्ठा या सामाजिक दबाव के नाम पर किसी की जिंदगी खत्म करने का अधिकार आखिर किसे है। प्रेम संबंध या शादी को लेकर परिवार में असहमति हो सकती है, लेकिन हिंसा और हत्या किसी भी स्थिति में गंभीर अपराध है।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। घटना के पीछे वास्तविक विवाद क्या था, हत्या किस परिस्थिति में हुई और इसमें अन्य किसी व्यक्ति की भूमिका थी या नहीं, इन सभी बिंदुओं की जांच के बाद तस्वीर पूरी तरह साफ होने की उम्मीद है।

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