Category: Crime

  • फरीदाबाद में बीकॉम पास: जालसाज गिरफ्तार, BJP विधायक के नाम पर कर रहा था बड़ा फर्जीवाड़ा; पूरा मामला जान उड़ेंगे होश

    फरीदाबाद में बीकॉम पास: जालसाज गिरफ्तार, BJP विधायक के नाम पर कर रहा था बड़ा फर्जीवाड़ा; पूरा मामला जान उड़ेंगे होश

    फरीदाबाद में बीकॉम पास: जालसाज गिरफ्तार, BJP विधायक के नाम पर कर रहा था बड़ा फर्जीवाड़ा; पूरा मामला जान उड़ेंगे होश

    फरीदाबाद में एक बीकॉम पास युवक की काली करतूत का खुलासा हुआ है। जन सुविधा केंद्र की आड़ में यह जालसाज बीजेपी विधायक के फर्जी लेटर पैड, मोहर और दस्तखत का इस्तेमाल कर धड़ल्ले से लोगों के आधार कार्ड में बदलाव (करेक्शन) कर रहा था। पुलिस ने गुप्त सूचना और शिकायत के आधार पर आरोपी जन सुविधा केंद्र संचालक को गिरफ्तार कर लिया है।

    मिली जानकारी के अनुसार, आरोपी सौरव है, जिसकी उम्र 28 वर्ष है और यह फरीदाबाद की पर्वतीय कॉलोनी का रहने वाला है। सौरव ने पढ़ाई तो बीकॉम की थी, लेकिन जल्दी और ज्यादा कमाई के चक्कर में उसने जालसाजी का रास्ता चुन लिया। वह पर्वतीय कॉलोनी में ही एक जन सुविधा केंद्र चलाता था। मामला एनआईटी 86 फरीदाबाद विधानसभा से बीजेपी विधायक सतीश फागना से जुड़ा है। सूत्रों के मुताबिक, आरोपी सौरव इस साल जून के महीने से इस फर्जी धंधे को अंजाम दे रहा था। जालसाजी की शुरुआत तब हुई जब सौरव अपनी पत्नी के आधार कार्ड में बदलाव कराने के लिए विधायक सतीश फागना के दफ़्तर पहुंचा था। वहां उसने विधायक के मूल लेटर पैड, मोहर और साइन को देखा और बाद में उनके डुप्लीकेट तैयार करवा लिए।

    विधायक के दफ़्तर में तैनात प्रकाश पटेल की शिकायत पर पर्वतीय कॉलोनी पुलिस चौकी में मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी सौरव के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4), 319, 336(3), 338 और 340 के तहत मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है। फिलहाल पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश कर 3 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। रिमांड के दौरान पुलिस फर्जी लेटर पैड, मोहर, दस्तखत और जालसाजी में इस्तेमाल किए गए कंप्यूटर उपकरण बरामद करेगी। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस गिरोह में कौन-कौन शामिल था और अब तक कितने फर्जी आधार कार्ड बनाए या सुधारे गए हैं।

  • खाली प्लॉट में तखत’ पर मिला युवक का शव, पास ही खड़ी थी स्कूटी…10-15 मिनट में लौटने की बात कहकर निकला था हर्ष

    खाली प्लॉट में तखत’ पर मिला युवक का शव, पास ही खड़ी थी स्कूटी…10-15 मिनट में लौटने की बात कहकर निकला था हर्ष

    खाली प्लॉट में तखत’ पर मिला युवक का शव, पास ही खड़ी थी स्कूटी…10-15 मिनट में लौटने की बात कहकर निकला था हर्ष

    पलवल के कैंप थाना क्षेत्र से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां अलावलपुर चौक के नजदीक एक युवक का शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिलने से सनसनी फैल गई। बताया जा रहा है कि युवक का शव एक खाली प्लॉट में पड़े तखत पर मिला, जबकि उसकी स्कूटी भी शव के पास ही खड़ी मिली। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी।

     मृतक युवक की पहचान गांव मांदकोल निवासी हर्ष के रूप में हुई है। पुलिस को दी शिकायत में हर्ष की बहन अंजलि ने बताया कि वह अपनी मां और भाई हर्ष के साथ फिलहाल श्याम नगर में किराए के मकान में रह रही है। अंजलि के मुताबिक, 29 सितंबर की शाम हर्ष स्कूटी लेकर घर से यह कहकर निकला था कि वह करीब 10 से 15 मिनट में वापस आ जाएगा। लेकिन देर रात तक जब हर्ष घर नहीं लौटा तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू कर दी।

     अगली सुबह परिजनों को सूचना मिली कि अलावलपुर चौक के नजदीक एक खाली प्लॉट में हर्ष की स्कूटी खड़ी है और पास में पड़े तखत पर एक युवक का शव मिला है। सूचना मिलते ही परिजन मौके पर पहुंचे तो तखत पर पड़ा शव हर्ष का ही निकला। इसके बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर सरकारी अस्पताल में पोस्टमार्टम कराया और पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है। युवक की मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसका सही कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।

  • 0001 नंबर की स्कॉर्पियो: में मिला वकील का शव, लाइसेंसी रिवॉल्वर भी बरामद; रोहतक में BJP नेत्री के पति की मौत से सनसनी.

    0001 नंबर की स्कॉर्पियो: में मिला वकील का शव, लाइसेंसी रिवॉल्वर भी बरामद; रोहतक में BJP नेत्री के पति की मौत से सनसनी.

    0001 नंबर की स्कॉर्पियो: में मिला वकील का शव, लाइसेंसी रिवॉल्वर भी बरामद; रोहतक में BJP नेत्री के पति की मौत से सनसनी.

    रोहतक: शहर के व्यस्त इलाके में कांग्रेस भवन के बाहर बुधवार को एक स्कॉर्पियो गाड़ी में वकील का शव मिलने से हड़कंप मच गया। मृतक की पहचान पूर्व पार्षद दीपिका नारा के पति प्रदीप नारा के रूप में हुई है। गाड़ी का नंबर 0001 बताया जा रहा है।

    सूचना मिलते ही पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल को सुरक्षित कर जांच शुरू की और गाड़ी से एक लाइसेंसी रिवॉल्वर बरामद किया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, मृतक के सिर पर गोली लगी थी।

    कांग्रेस भवन के बाहर खड़ी थी स्कॉर्पियो

    पुलिस को बुधवार को एक व्यक्ति के आत्महत्या करने की सूचना मिली थी। टीम मौके पर पहुंची तो कांग्रेस भवन के बाहर खड़ी स्कॉर्पियो के अंदर प्रदीप नारा का शव मिला।

    पुलिस के मुताबिक, मृतक के सिर की कनपटी पर गोली लगी हुई थी। घटनास्थल से एक लाइसेंसी रिवॉल्वर भी बरामद किया गया है। इसके बाद फोरेंसिक टीम को मौके पर बुलाया गया और गाड़ी के अंदर तथा आसपास से संभावित साक्ष्य जुटाए गए।

    परिजनों ने आत्महत्या की बात से किया इनकार

    पुलिस जहां शुरुआती सूचना के आधार पर आत्महत्या के पहलू से जांच कर रही है, वहीं मृतक के परिजनों ने इसे आत्महत्या मानने से इनकार किया है। परिवार की ओर से हत्या की आशंका जताई गई है।

    परिजनों का कहना है कि मामले की गहराई से जांच होनी चाहिए और यह पता लगाया जाना चाहिए कि किन परिस्थितियों में प्रदीप नारा की मौत हुई। हालांकि, हत्या के आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।

    CCTV फुटेज और दूसरे साक्ष्यों की जांच

    घटना के बाद पुलिस ने आसपास के इलाके को सुरक्षित कर जांच शुरू कर दी। फोरेंसिक टीम ने स्कॉर्पियो और घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटाए हैं।

    पुलिस आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज भी खंगाल रही है। इसके जरिए यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि घटना से पहले स्कॉर्पियो के आसपास कौन-कौन लोग मौजूद थे और घटना के बाद वहां से कौन गया।

    इसके अलावा मृतक के मोबाइल फोन और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है।

    महत्वपूर्ण इलाकों के पास हुई घटना

    जिस स्थान पर स्कॉर्पियो में शव मिला, उसके आसपास शहर के कई महत्वपूर्ण सरकारी कार्यालय और पुलिस थाने स्थित हैं। एसपी कार्यालय, सिविल लाइन थाना और महिला पुलिस थाना भी घटनास्थल से कुछ दूरी पर बताए जा रहे हैं।

    शहर के बीचोंबीच इस तरह शव मिलने की खबर फैलते ही मौके पर लोगों की भीड़ जुटने लगी। पुलिस ने स्थिति को संभालते हुए जांच आगे बढ़ाई।

    आत्महत्या या हत्या? दोनों पहलुओं से जांच

    फिलहाल पुलिस आत्महत्या और हत्या, दोनों संभावनाओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। जांच का मुख्य फोकस यह पता लगाने पर है कि गोली किन परिस्थितियों में चली और उस समय गाड़ी के आसपास कौन मौजूद था।

    पुलिस CCTV फुटेज, मोबाइल फोन, लाइसेंसी रिवॉल्वर और फोरेंसिक साक्ष्यों की मदद से घटना की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। पोस्टमार्टम और जांच से सामने आने वाले तथ्यों के बाद ही प्रदीप नारा की मौत की वास्तविक परिस्थितियां स्पष्ट हो पाएंगी।

  • Teacher से परेशान ‘छात्रा’ की मौत के बाद स्कूल के बाहर धरना, परिवार ने शिक्षिकाओं पर लगाए गंभीर आरोप.

    Teacher से परेशान ‘छात्रा’ की मौत के बाद स्कूल के बाहर धरना, परिवार ने शिक्षिकाओं पर लगाए गंभीर आरोप.

    Teacher से परेशान ‘छात्रा’ की मौत के बाद स्कूल के बाहर धरना, परिवार ने शिक्षिकाओं पर लगाए गंभीर आरोप.

    अमृतसर: अमृतसर के एक निजी स्कूल की 15 वर्षीय छात्रा की मौत के बाद मामला गरमा गया है। परिवार ने स्कूल की कुछ शिक्षिकाओं पर छात्रा के साथ कथित तौर पर अपमानजनक व्यवहार करने और उसके चरित्र को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणियां करने के आरोप लगाए हैं। छात्रा की मौत के बाद परिजनों ने स्कूल के बाहर शव रखकर धरना दिया और मामले में सख्त कार्रवाई की मांग की।

    मृतका की पहचान कोमल (15) के रूप में हुई है। परिजनों का आरोप है कि स्कूल में कथित तौर पर की गई टिप्पणियों से छात्रा काफी परेशान थी। परिवार का कहना है कि छात्रा ने इस व्यवहार का विरोध भी किया था, जिसके बाद स्कूल प्रबंधन ने उसे स्कूल से निकाल दिया।

    स्कूल की घटना के बाद परेशान थी छात्रा, परिवार का आरोप

    परिजनों के मुताबिक, छात्रा के चरित्र को लेकर स्कूल की एक शिक्षिका द्वारा कथित तौर पर गलत और अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल किया गया था। परिवार का कहना है कि कोमल ने इस तरह की टिप्पणी का विरोध किया था।

    आरोप है कि इसके बाद स्कूल प्रबंधन ने छात्रा के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उसे स्कूल से निष्कासित कर दिया। परिवार का दावा है कि इस घटना के बाद वह मानसिक रूप से काफी परेशान रहने लगी थी।

    हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है।

    छात्रा की मौत के बाद स्कूल के बाहर धरने पर बैठे परिजन

    छात्रा की मौत के बाद परिवार के लोगों और अन्य लोगों ने स्कूल के बाहर धरना दिया। परिजनों ने संबंधित शिक्षिकाओं के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की।

    धरने के दौरान परिवार ने कहा कि वे अपनी बेटी की मौत की पूरी और निष्पक्ष जांच चाहते हैं। उनका कहना है कि यदि स्कूल में छात्रा के साथ किसी तरह का अपमानजनक व्यवहार हुआ था, तो उसकी जांच होनी चाहिए और जिम्मेदार पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ कानून के मुताबिक कार्रवाई की जानी चाहिए।

    पुलिस ने शुरू की मामले की जांच

    मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना मकबूलपुरा पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने परिवार की शिकायत और लगाए गए आरोपों के आधार पर संबंधित शिक्षिकाओं के खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू करने की जानकारी दी है।

    पुलिस अब परिवार के सदस्यों के बयान दर्ज कर रही है। साथ ही स्कूल से जुड़े लोगों से पूछताछ और मामले से संबंधित अन्य तथ्यों की जांच की जा रही है।

    फिलहाल पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि छात्रा की मौत से पहले स्कूल में उसके साथ क्या घटनाक्रम हुआ था और परिवार की ओर से लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है। जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

  • मैट्रिमोनियल साइट पर ‘रिश्ता’ तलाश रही PhD छात्रा से 30 लाख और सोना ठगी का आरोप, खुद को IPS बताकर बनाया भरोसा.

    मैट्रिमोनियल साइट पर ‘रिश्ता’ तलाश रही PhD छात्रा से 30 लाख और सोना ठगी का आरोप, खुद को IPS बताकर बनाया भरोसा.

    मैट्रिमोनियल साइट पर ‘रिश्ता’ तलाश रही PhD छात्रा से 30 लाख और सोना ठगी का आरोप, खुद को IPS बताकर बनाया भरोसा.

    चंडीगढ़: मैट्रिमोनियल साइट पर शादी के लिए रिश्ता तलाश करना एक PhD छात्रा को भारी पड़ गया। आरोप है कि एक युवक ने खुद को IPS अधिकारी बताकर पहले युवती और उसके परिवार का भरोसा जीता और फिर शादी का झांसा देकर लाखों रुपये, सोने के आभूषण और अन्य सामान हासिल कर लिया। मामला तब सामने आया जब युवती के नाम से खोले गए बैंक खाते में संदिग्ध लेनदेन के बाद बैंक ने खाता फ्रीज कर दिया।

    पुलिस ने शिकायत के आधार पर आरोपी युवक अमित कुमार को रोहतक से गिरफ्तार किया है। पुलिस अब आरोपी के उन दावों की भी जांच कर रही है, जिनमें उसने खुद को IPS अधिकारी और बाद में RAW एजेंट बताया था।

    शादी डॉट कॉम पर शुरू हुई थी बातचीत

    जानकारी के अनुसार, 29 वर्षीय युवती मूल रूप से पंचकूला की रहने वाली है और चंडीगढ़ में PhD की पढ़ाई कर रही थी। परिवार ने उसकी शादी के लिए मैट्रिमोनियल वेबसाइट पर प्रोफाइल बनाया था। इस प्रोफाइल को युवती खुद संचालित करती थी।

    इसी दौरान अमित नाम के युवक ने उसे शादी का प्रस्ताव भेजा। आरोपी की प्रोफाइल में IPS अधिकारी की वर्दी वाली तस्वीर लगी थी। तस्वीर देखकर युवती की उससे बातचीत शुरू हुई और धीरे-धीरे दोनों के बीच रिश्ते की बात आगे बढ़ने लगी।

    आरोप है कि युवक ने खुद को स्पेशल बैच का IPS अधिकारी बताया और दावा किया कि वह दिल्ली के टैक्सेशन विभाग में कमिश्नर है। उसने खुद को रोहतक का रहने वाला भी बताया।

    परिवार से मुलाकात के बाद बढ़ा भरोसा

    बातचीत आगे बढ़ने के बाद आरोपी युवक ने युवती के परिवार से भी मुलाकात की। परिवार को भी युवक के दावों पर भरोसा हो गया और दोनों की मुलाकातें होने लगीं।

    इसी दौरान आरोपी ने युवती को अपनी मां की कथित बीमारी के बारे में बताया। आरोप है कि उसने परिवार की परिस्थितियों और पैसों की जरूरत का हवाला देकर युवती से आर्थिक मदद मांगी।

    पुलिस शिकायत के मुताबिक, इसी तरह अलग-अलग मौकों पर युवती से करीब 30 लाख रुपये, 6-7 तोले सोना, लैपटॉप और अन्य सामान लिया गया।

    खुद को RAW एजेंट बताकर बैंक खाता खुलवाने का आरोप

    मामले में एक और चौंकाने वाली बात सामने आई। आरोप है कि युवक ने युवती से कहा कि वह RAW से जुड़ा हुआ है और सुरक्षा कारणों के चलते अपने नाम से बैंक खाता नहीं खुलवा सकता।

    इसके बाद कथित तौर पर युवती के दस्तावेजों का इस्तेमाल करके एक बैंक खाता खुलवाया गया। आरोप है कि उस खाते की पासबुक, ATM कार्ड और युवती के नाम से जारी नया सिम भी आरोपी अपने पास रखने लगा।

    बताया जा रहा है कि बैंक खाते से जुड़ी ज्यादातर जानकारी आरोपी के पास ही रहती थी।

    बैंक खाता फ्रीज होने पर खुला मामला

    कुछ महीनों बाद खाते में संदिग्ध लेनदेन सामने आने के बाद बैंक ने उसे फ्रीज कर दिया। बैंक मैनेजर ने जब युवती से इस संबंध में संपर्क किया तो उसे खाते से जुड़े लेनदेन की जानकारी मिली।

    इसके बाद युवती को आरोपी के व्यवहार और उसके दावों पर शक हुआ। उसने आरोपी से अपने पैसे और सोने के आभूषण वापस मांगे तो आरोप है कि युवक ने उसे धमकाना शुरू कर दिया।

    शिकायत के अनुसार, आरोपी ने युवती की तस्वीरें वायरल करने की धमकी भी दी। इससे परेशान होकर युवती ने पुलिस से शिकायत की।

    रोहतक से आरोपी गिरफ्तार, मोबाइल फोरेंसिक जांच के लिए भेजा

    शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की और आरोपी अमित कुमार को रोहतक से गिरफ्तार कर लिया।

    पुलिस ने आरोपी का मोबाइल फोन भी कब्जे में लिया है, जिसे फोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि आरोपी ने युवती के साथ किस तरह संपर्क किया, बैंक खाते से किस प्रकार के लेनदेन हुए और खुद को IPS अधिकारी तथा RAW एजेंट बताने के पीछे उसकी वास्तविक पहचान क्या थी।

    फिलहाल पुलिस मामले से जुड़े दस्तावेजों, बैंक लेनदेन, मोबाइल डेटा और आरोपी के दावों की जांच कर रही है। आरोपों की पूरी तस्वीर जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।

  • लुधियाना सेंट्रल जेल में वसूली कांड, हवालातियों से जबरन खाते में डलवाए 2 लाख रुपए, जांच में जुटी पुलिस

    लुधियाना सेंट्रल जेल में वसूली कांड, हवालातियों से जबरन खाते में डलवाए 2 लाख रुपए, जांच में जुटी पुलिस

    लुधियाना सेंट्रल जेल में वसूली कांड, हवालातियों से जबरन खाते में डलवाए 2 लाख रुपए, जांच में जुटी पुलिस

    लुधियाना केंद्रीय जेल से हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार महानगर में बहुतचर्चित एक प्रॉपर्टी डीलर द्वारा आत्महत्या के मामले में ताजपुर रोड की सेंट्रल जेल में 2 हवालाती आए। उनके साथ जेल के अंदर अन्य बंदियों ने मारपीट व डरा धमाका कर 2 लाख रुपए अपने खाते में डलवा लिए। इस आरोपों के चलते पुलिस विभिन्न धाराओं के अंतर्गत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। 

    पुलिस जांच अधिकारी ऋषभ पाल गोयल ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि कुछ दिन पहले दो हवालाती नीरज आदया, रमेश पुरी एक मामले में जेल में आए थे। जेल के अंदर बंद अन्य आरोपियों ने उक्त बंदियों को डरा धमका कर अपने खाते में 2 लाख रुपए डलवा लिए। जांच के बाद पुलिस ने आरोपी हरसिमरन सिंह मंड, जगवीर सिंह, जितेंद्र सिंह, अभय, गुरजीत सिंह, सुखमण से एक मोबाइल भी बरामद कर मामला दर्ज कर लिया।

  • बठिंडा में सनसनीखेज वारदात, प्रेमी संग मिलकर पत्नी ने की पति की ह/त्या

    बठिंडा में सनसनीखेज वारदात, प्रेमी संग मिलकर पत्नी ने की पति की ह/त्या

    बठिंडा में पत्नी द्वारा अपने पति को बेरहमी से मौत के घाट उतारने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। जानकारी के मुताबिक, मौड़ थाने के तहत कोटली खुर्द गांव में एक कलियुगी महिला द्वारा अपने प्रेमी के साथ मिलकर अपने ही पति का गला घोंटकर हत्या कर दी गई। मामला आत्महत्या का लगे इसलिए हत्यारों ने शव को रस्सी से लटकाने और सबूत मिटाने की भी कोशिश की।

    इस घटना के बारे में गांव के अंग्रेज सिंह गेजा, रमेश कुमार सरपंच, सतपाल सिंह, किसान यूनियन नेता अंग्रेज सिंह गेजा, मेवा सिंह, बलवीर सिंह, राजू मेंबर, निर्मल सिंह, शिंगारा सिंह आदि ने बताया कि कोटली खुर्द गांव के युवक राजपाल सिंह राजू और कोटली कलां के ब्रह्मजीत सिंह वनावाली में रेलवे में नौकरी करते थे। मृतक राजपाल सिंह राजू के एक 4 साल की लड़की और  2 साल का लड़का भी है। बताया जा रहा है कि, दोनों युवक अलग-अलग समय पर रेलवे में ड्यूटी करते थे।

    इस बीच, राजपाल सिंह राजू की पत्नी किरणपाल कौर किरणा के ब्रह्मजीत सिंह के साथ अवैध संबंध बन गए। हालांकि राजपाल सिंह ने शर्म के कारण इस मामले को दबाने की कोशिश की, लेकिन बीती रात पति-पत्नी के बीच अवैध रिश्तों के कारण फिर से झगड़ा हो गया। इसी के चलते किरणदीप कौर ने  अपने प्रेमी के साथ मिलकर घटना को अंजाम दिया। इस बारे में मौड़ थाने के SHO तरुणदीप सिंह ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि गांव कोटली खुर्द में एक युवक की लाश फंदे से लटकी हुई है। जब पुलिस पार्टी मौके पर पहुंची और पूरी जांच की तो मामला सुसाइड के बजाय मर्डर का निकला।

    पुलिस ने बताया कि जांच के दौरान देखा गया कि मृतक राजपाल सिंह राजू और उसकी पत्नी किरणपाल कौर के मोबाइल फोन के साथ-साथ DVR भी घर से गायब थे, जिसके बाद पुलिस का शक और भी गहरा हो गया। मामले की आगे की जांच और पूछताछ में पता चला कि मृतक राजपाल सिंह राजू की पत्नी किरणपाल कौर के गांव कोटली कलां के ब्रह्मजीत सिंह पीचा के साथ अवैध रिश्ते थे, जिसके कारण बीती रात राजपाल सिंह और उसकी पत्नी किरणपाल कौर के बीच झगड़ा हुआ था।

    झगड़े के बाद किरणपाल कौर ने अपने प्रेमी ब्रह्मजीत सिंह को बुलाकर रात में राजपाल सिंह की हत्या कर दी और मामले को आत्महत्या का रूप देने के लिए उसके गले में रस्सी बांधकर शव को घर में लटका दिया। उन्होंने बताया कि इस मामले में मृतक के चाचा के बेटे सतपाल सिंह सोनी के बयानों के आधार पर केस दर्ज कर लिया गया है और पुलिस मामले के आरोपी ब्रह्मजीत सिंह और किरणपाल कौर को गिरफ्तार करने के लिए छापेमारी कर रही है और अगर इस हत्या में कोई और शामिल पाया जाता है तो उसके खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

  • शाहजहांपुर के ‘मंदिर’ में दो साधुओं: की हत्या, शव भी जलाए; सुबह ग्रामीण पहुंचे तो सामने आया खौफनाक मामला.

    शाहजहांपुर के ‘मंदिर’ में दो साधुओं: की हत्या, शव भी जलाए; सुबह ग्रामीण पहुंचे तो सामने आया खौफनाक मामला.

    शाहजहांपुर के ‘मंदिर’ में दो साधुओं: की हत्या, शव भी जलाए; सुबह ग्रामीण पहुंचे तो सामने आया खौफनाक मामला.

    शाहजहांपुर: उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले के खुदागंज क्षेत्र में मंदिर परिसर के अंदर दो सेवादारों की हत्या के बाद उनके शव जलाए जाने का मामला सामने आया है। घटना की जानकारी गुरुवार सुबह उस समय हुई, जब ग्रामीण मंदिर परिसर में पहुंचे। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और शुरुआती जांच में मंदिर की जमीन को लेकर विवाद की बात सामने आ रही है।

    मृतकों की पहचान गोपाल दास और बाबा बिहारी दास के रूप में हुई है। दोनों मंदिर परिसर में रहकर सेवा करते थे।

    मंदिर परिसर में रहते थे दोनों सेवादार

    जानकारी के अनुसार, अजीजगंज मोहल्ले के रहने वाले गोपाल दास कई वर्षों से खुदागंज के सूथा गांव स्थित प्राचीन मंदिर में सेवादार के रूप में रह रहे थे। गांव के दूसरे मंदिर में रहने वाले बाबा बिहारी दास भी करीब एक महीने से गोपाल दास के साथ इसी मंदिर परिसर में रहने लगे थे।

    पुलिस के मुताबिक, गांव का ही सुमित सिंह इन दोनों सेवादारों के संपर्क में था। बताया जा रहा है कि वह करीब एक महीने पहले जेल से बाहर आया था और मंदिर परिसर में ही रहने की इच्छा रखता था।

    मंदिर पर कब्जे को लेकर विवाद की बात

    स्थानीय लोगों के अनुसार, मंदिर में रहने को लेकर सुमित और दोनों सेवादारों के बीच पहले भी कई बार विवाद हुआ था। बताया जा रहा है कि घटना वाली रात भी मंदिर परिसर में इसी मुद्दे को लेकर कहासुनी हुई थी।

    इसके बाद दोनों सेवादारों की हत्या कर दी गई। पुलिस को आशंका है कि हत्या के बाद शवों को मंदिर परिसर में ही जलाने का प्रयास किया गया।

    सुबह ग्रामीणों को हुई घटना की जानकारी

    घटना का पता गुरुवार सुबह उस समय चला, जब गांव के लोग मंदिर परिसर में पहुंचे। वहां की स्थिति देखकर ग्रामीणों ने पुलिस को सूचना दी।

    सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल की जांच शुरू की। पुलिस ने साक्ष्य जुटाने के साथ ही मामले से जुड़े लोगों से पूछताछ शुरू कर दी है।

    सुमित की तलाश में पुलिस की तीन टीमें

    पुलिस के अनुसार, शुरुआती जांच में सुमित सिंह का नाम सामने आया है। घटना के बाद से वह फरार बताया जा रहा है। उसकी तलाश के लिए पुलिस की तीन टीमें लगाई गई हैं।

    एसपी सौरभ दीक्षित ने बताया कि फिलहाल जांच में सुमित का नाम सामने आया है और उसकी तलाश की जा रही है। हत्या की असली वजह और घटना में अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।

    स्थानीय लोगों के मुताबिक, सुमित के व्यवहार को लेकर पहले भी ग्रामीणों में नाराजगी थी। हालांकि पुलिस जांच पूरी होने और साक्ष्य सामने आने के बाद ही हत्या के पीछे की वास्तविक वजह स्पष्ट होगी।

    फिलहाल पुलिस फरार संदिग्ध की तलाश के साथ-साथ घटनास्थल से मिले साक्ष्यों की जांच कर रही है।

  • मुजफ्फरनगर अंकित ‘हत्याकांड’ में दंपती को उम्रकैद, प्रेमी को घर बुलाकर बंधक बनाया और पीट-पीटकर कर दी थी हत्या.

    मुजफ्फरनगर अंकित ‘हत्याकांड’ में दंपती को उम्रकैद, प्रेमी को घर बुलाकर बंधक बनाया और पीट-पीटकर कर दी थी हत्या.

    मुजफ्फरनगर अंकित ‘हत्याकांड’ में दंपती को उम्रकैद, प्रेमी को घर बुलाकर बंधक बनाया और पीट-पीटकर कर दी थी हत्या.

    मुजफ्फरनगर: उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में करीब ढाई साल पुराने अंकित हत्याकांड में अदालत ने आरोपी दंपती मीनाक्षी और उसके पति सोनू को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने दोनों पर जुर्माना भी लगाया है। मामला खतौली क्षेत्र के जसौला गांव का है, जहां जनवरी 2024 में अंकित की हत्या कर दी गई थी।

    अदालत ने सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से पेश किए गए साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर दोनों को हत्या का दोषी माना। दोषी दंपती को जिला कारागार से वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से अदालत में पेश किया गया।

    प्रेम-प्रसंग के चलते घर बुलाने का आरोप

    अभियोजन के अनुसार, 7 जनवरी 2024 की शाम जसौला गांव निवासी 22 वर्षीय अंकित एक युवक के साथ मीनाक्षी के घर गया था। बताया गया कि अंकित और मीनाक्षी के बीच प्रेम-प्रसंग था।

    अंकित के पिता रणवीर सिंह और उसके बड़े बेटे लवकुश को जब उसके मीनाक्षी के घर जाने की जानकारी मिली तो वे वहां पहुंचे। आरोप है कि मीनाक्षी ने घर का दरवाजा नहीं खोला। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई और पुलिस की मौजूदगी में दरवाजा खुलवाया गया।

    घर के अंदर अंकित गंभीर हालत में पड़ा मिला। उसके शरीर पर चोट के निशान थे। इसके बाद उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गई।

    डंडों से पीटकर हत्या करने का आरोप

    पुलिस जांच के अनुसार, मीनाक्षी और उसके पति सोनू ने अंकित को घर में बंधक बनाकर उसके साथ मारपीट की थी। आरोप है कि डंडों से पीटने के कारण उसकी मौत हुई।

    पुलिस ने दोनों आरोपियों को 10 जनवरी 2024 को गिरफ्तार किया था। इसके बाद मामले में आरोपपत्र अदालत में दाखिल किया गया।

    पोस्टमार्टम में मिले थे चोट के 18 निशान

    अभियोजन पक्ष के अनुसार, अंकित की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में शरीर पर चोट के 18 निशान मिले थे। पुलिस ने मीनाक्षी के घर से अंकित का टूटा हुआ मोबाइल, खून से सनी रजाई, तीन बाल और शर्ट के दो बटन बरामद किए थे।

    इसके अलावा पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल किए जाने का दावा किए गए दो दुपट्टे, सूत का नाड़ा और चार डंडे भी बरामद किए थे। अभियोजन ने इन सामानों को मामले में अहम साक्ष्य बताया।

    टूटे हुए मोबाइल की पहचान अंकित के पिता रणवीर सिंह ने की थी।

    सात गवाहों के बयान दर्ज किए गए

    मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने अंकित के पिता रण

  • सूरत में चार साल बाद खुला: तीन हत्याओं का ‘राज, घर के आंगन में दफन मिले मानव कंकाल; पति-पत्नी पर तीन महिलाओं की हत्या का आरोप’

    सूरत में चार साल बाद खुला: तीन हत्याओं का ‘राज, घर के आंगन में दफन मिले मानव कंकाल; पति-पत्नी पर तीन महिलाओं की हत्या का आरोप’

    सूरत में चार साल बाद खुला: तीन हत्याओं का ‘राज, घर के आंगन में दफन मिले मानव कंकाल; पति-पत्नी पर तीन महिलाओं की हत्या का आरोप’

    सूरत: गुजरात के सूरत जिले के कोसांबा इलाके में चार साल पुराने तीन हत्याओं के मामले का कथित तौर पर खुलासा हुआ है। पुलिस ने एक घर के आंगन की खुदाई कर मानव कंकाल बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार, इस मामले में एक पति-पत्नी पर परिवार की तीन महिलाओं की हत्या करने और शवों को घर के आंगन में छिपाने का आरोप है।

    पुलिस की जांच के मुताबिक, आरोपियों ने कथित तौर पर तीनों मौतों को बीमारी या कोरोना से हुई मौत बताकर मामला दबाए रखा। लंबे समय तक किसी को इस घटना का पता नहीं चला।

    तीन महिलाओं की मौत पर उठे सवाल

    पुलिस के अनुसार, मामले में मुख्य आरोपी माधवदास और उसकी पत्नी उर्मिला हैं। जिन तीन महिलाओं की हत्या का आरोप है, उनमें उर्मिला की बहन भगवतीबेन वसावा, माधवदास की मां मंजुलाबेन भक्तिराम साधु और उर्मिला की नानी शांताबेन गंभीरभाई वसावा शामिल हैं।

    जांच में सामने आया कि तीनों महिलाओं की मौत अलग-अलग समय पर हुई थी।

    पहली हत्या में बहन को निशाना बनाने का आरोप

    पुलिस के मुताबिक, 25 फरवरी 2022 को भगवतीबेन वसावा की मौत हुई थी। वह पहले से टीबी से पीड़ित थीं। आरोप है कि माधवदास और उर्मिला ने तकिए से उनका मुंह दबाकर उनकी हत्या कर दी और बीमारी के कारण मौत होने की बात बताई।

    इसके बाद शव को दफना दिया गया, जिससे किसी को घटना पर संदेह न हो।

    दूसरी घटना में माधवदास की मां की मौत

    19 जुलाई 2022 को माधवदास की मां मंजुलाबेन की मौत हुई। वह पैरालिसिस के कारण लंबे समय से बिस्तर पर थीं।

    पुलिस का आरोप है कि दंपती ने उनका भी मुंह दबाकर हत्या कर दी और मौत को बीमारी से हुई मौत बताया। इसके बाद शव को दफना दिया गया।

    नानी की हत्या के बाद शव को ड्रम में छिपाया

    पुलिस के अनुसार, तीसरी घटना 7 अक्टूबर 2022 को हुई। आरोप है कि उर्मिला की नानी शांताबेन को सोते समय मौत के घाट उतारा गया।

    हत्या के बाद शव को एक ड्रम में रखा गया। पुलिस जांच में सामने आया कि ड्रम में सीमेंट और पानी डालकर उसे सील कर दिया गया था। करीब साढ़े तीन महीने बाद ड्रम को खोला गया और शव को सीमेंट के भारी ब्लॉक के साथ घर के आंगन में करीब चार से पांच