Category: Crime

  • भागलपुर में हैवानियत की हद, युवक पर तलवारों से हमला कर कान काटा..

    भागलपुर में हैवानियत की हद, युवक पर तलवारों से हमला कर कान काटा..

    भागलपुर में हैवानियत की हद, युवक पर तलवारों से हमला कर कान काटा..

    Bhagalpur : बिहार के भागलपुर जिले से एक रूह कंपा देने वाली सनसनीखेज वारदात सामने आई है। पीरपैंती थाना क्षेत्र में मोबाइल पर पब्जी (PUBG) गेम खेल रहे एक युवक पर घात लगाकर बैठे बदमाशों ने तलवारों से जानलेवा हमला कर दिया। हमलावरों ने इस खौफनाक वारदात को इतनी बेरहमी से अंजाम दिया कि युवक का कान कटकर शरीर से अलग हो गया। लहूलुहान होकर वह बेसुध हालत में पास के नाले में जा गिरा। फिलहाल, युवक की हालत बेहद नाजुक बनी हुई है और वह अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच झूल रहा है।

    साजिश के तहत बुझाया बल्ब, फिर किया ताबड़तोड़ वार

    यह खौफनाक वारदात बीती रात की है। घटना को लेकर घायल युवक की मां महमुर निशा और जीजा मोहम्मद कासिम आलम ने बताया कि बदमाशों ने एक सोची-समझी साजिश के तहत इस खूनी खेल को अंजाम दिया। घायल युवक की पहचान मोहम्मद रमजान मंसूरी के रूप में हुई है।

    परिजनों के मुताबिक, रमजान घर के बाहर पड़ोस में बैठकर अपने मोबाइल पर PUBG गेम खेल रहा था। इसी दौरान दयानंद, सूरज और राहुल समेत पांच की संख्या में आए हथियारबंद बदमाशों ने अचानक वहां लगे बिजली के बल्ब को बुझा दिया। चारों तरफ अंधेरा छाते ही इन बदमाशों ने रमजान पर तलवार से ताबड़तोड़ वार करना शुरू कर दिया।

    गला काटने की थी तैयारी, बचाव में कटा कान

    बताया जा रहा है कि बदमाशों ने सीधा रमजान के गले पर वार कर उसे जान से मारने की कोशिश की थी। हालांकि, रमजान ने फुर्ती दिखाते हुए खुद को बचाने का प्रयास किया, जिससे तलवार उसके कान पर जा लगी और कान कटकर अलग हो गया। सिर, हाथ और पैर पर कई गहरे जख्म होने के कारण वह बेसुध होकर पास के नाले में गिर गया।

    पुणे लौटने वाला था रमजान, 5 दिन पहले ही रची गई थी साजिश

    पीड़ित परिवार ने इस हमले के पीछे एक बड़ी और सोची-समझी साजिश का अंदेशा जताया है। रमजान महाराष्ट्र के पुणे में बिजली वायरिंग (इलेक्ट्रीशियन) का काम करता है। वह बकरीद के त्योहार पर छुट्टी मनाने अपने घर भागलपुर आया हुआ था। दुखद बात यह है कि अगले ही दिन उसे वापस काम पर पुणे लौटना था, लेकिन उसकी रवानगी से ठीक पहले इस खौफनाक वारदात को अंजाम दे दिया गया।

    घायल की मां महमुर निशा का रो-रोकर बुरा हाल है। उन्होंने बताया, “हमारी किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी। उन लोगों ने 5 दिन पहले से ही मेरे बेटे को जान से मारने का प्लान बना रखा था। साजिश के तहत पहले उसे फुसलाकर वहां पब्जी खेलने के लिए बिठाया गया और फिर मौका पाकर सबने मिलकर हमला कर दिया। जब हम चीख-पुकार सुनकर मौके पर पहुंचे, तो बेटा नाले में खून से लथपथ पड़ा तड़प रहा था।”

    मायागंज अस्पताल में भर्ती, आरोपियों की तलाश में छापेमारी तेज

    घटना के तुरंत बाद आनन-फानन में परिजन और स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और रमजान को बेहद गंभीर हालत में भागलपुर के मायागंज स्थित जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज अस्पताल (JLNMCH) ले गए। अस्पताल के सर्जरी विभाग में युवक को भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों के मुताबिक, अत्यधिक खून बह जाने और गहरे जख्मों के कारण युवक की हालत बेहद नाजुक बनी हुई है।

    इस सनसनीखेज हमले के बाद पूरे इलाके में तनाव और दहशत का माहौल व्याप्त है। घटना की सूचना मिलते ही पीरपैंती थाना पुलिस मामले की तफ्तीश में जुट गई है। पुलिस ने पीड़ित परिवार और चश्मदीदों के बयान दर्ज कर लिए हैं। पुलिस प्रशासन का कहना है कि फरार आरोपियों दयानंद, सूरज, राहुल और उनके अन्य साथियों की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग ठिकानों पर छापेमारी तेज कर दी गई है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही सभी आरोपी सलाखों के पीछे होंगे

  • स्पा सेंटर पर पुलिस का बड़ा छापा, देह व्यापार के आरोप में संचालक समेत 7 हिरासत में..

    स्पा सेंटर पर पुलिस का बड़ा छापा, देह व्यापार के आरोप में संचालक समेत 7 हिरासत में..

    स्पा सेंटर पर पुलिस का बड़ा छापा, देह व्यापार के आरोप में संचालक समेत 7 हिरासत में..

     मध्य प्रदेश के दमोह में पुलिस ने गुरुवार देर शाम अनैतिक गतिविधियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन गुल्ली क्षेत्र स्थित यूनिक द थाई स्पा सेंटर पर छापा मारा। कार्रवाई के दौरान स्पा सेंटर के संचालक सहित सात लोगों को हिरासत में लिया। मामले में अनैतिक व्यापार (निवारण) अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।

    पुलिस के अनुसार, स्पा सेंटर में लंबे समय से अनैतिक गतिविधियां संचालित होने की शिकायतें मिल रही थीं। शिकायतों के सत्यापन के बाद पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से दबिश दी। कार्रवाई के दौरान स्पा सेंटर के भीतर से तीन ग्राहक, तीन वयस्क युवतियां और संचालक को हिरासत में लिया गया। इसके बाद सभी को पूछताछ के लिए पुलिस अभिरक्षा में लेकर आवश्यक कानूनी कार्रवाई प्रारंभ की गई।

    नगर पुलिस अधीक्षक (सीएसपी) एच.आर. पांडे ने बताया कि स्पा सेंटर का संचालन रीवा निवासी मोहम्मद आफताब अली कर रहा था। मौके से भगवानदास, अंकुर और पप्पू नामक तीन ग्राहक भी मिले। इसके अलावा तीन वयस्क युवतियां भी स्पा सेंटर से मिली हैं, जिनमें एक जबलपुर और एक कोलकाता की निवासी बताई गई है। सभी से विस्तृत पूछताछ की जा रही है।

    पुलिस का कहना है कि कार्रवाई के दौरान मिले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों के विरुद्ध अनैतिक व्यापार (निवारण) अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि स्पा सेंटर की आड़ में यह गतिविधि कब से संचालित हो रही थी और इसमें अन्य लोगों की क्या भूमिका रही है।

    सीएसपी एच.आर. पांडे ने कहा कि दमोह शहर में संचालित अन्य स्पा सेंटरों और ऐसे प्रतिष्ठानों पर भी पुलिस की निगरानी बनी हुई है। यदि किसी स्थान पर अनैतिक गतिविधियों की सूचना मिलती है तो तत्काल कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ पुलिस का अभियान लगातार जारी रहेगा।

  • ऑटो चालक पर महिला को नशीला पदार्थ देकर दुष्कर्म करने का आरोप, अस्पताल छोड़कर हुआ फरार!

    ऑटो चालक पर महिला को नशीला पदार्थ देकर दुष्कर्म करने का आरोप, अस्पताल छोड़कर हुआ फरार!

    ऑटो चालक पर महिला को नशीला पदार्थ देकर दुष्कर्म करने का आरोप, अस्पताल छोड़कर हुआ फरार!
    घाटकेसर अपराध समाचार

    घाटकेसर क्राइम न्यूज़: पोचारम आईटी कॉरिडोर पुलिस स्टेशन क्षेत्र में एक घटना सामने आई है, जिसमें अस्पताल जाने के लिए ऑटो में सवार एक महिला को ऑटो चालक ने नशीली दवा देकर प्रताड़ित किया और उसके साथ बलात्कार किया। पीड़िता उप्पल के भरतनगर में एक ऑटो में सवार हुई और उसने घाटकेसर क्षेत्र के एक अस्पताल जाने का अनुरोध किया। हालांकि, ऑटो चालक उसे सीधे अस्पताल ले जाने के बजाय, रास्ते में भरतनगर के ताटिकल्लू डिपो पर रुका और टोल वसूला। इसके बाद उसने ऑटो को घाटकेसर आउटर रिंग रोड (ओआरआर) सर्विस रोड के पास एक सुनसान इलाके में मोड़ दिया।

    घाटकेसर क्राइम न्यूज़: कोल्ड ड्रिंक में नशीली दवा मिलाकर हत्या

    सुनसान इलाके में पहुँचने के बाद, आरोपी ने योजना के अनुसार स्प्राइट की बोतल में नशीला पदार्थ मिलाया और महिला को जबरन पिला दिया। पीते ही वह बेहोश हो गई। पीड़िता की बेहोशी का फायदा उठाते हुए ऑटो चालक ने उसके साथ बेरहमी से बलात्कार किया। इतना ही नहीं, उसने महिला का मोबाइल फोन और नकदी भी छीन ली, उसे वहीं छोड़कर ऑटो लेकर फरार हो गया।

    आरोपी को 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया गया।

    कुछ समय बाद पीड़िता को होश आया और धीरे-धीरे उसकी हालत में सुधार हुआ। उसने पोचारम आईटी कॉरिडोर पुलिस स्टेशन में इस भयावह घटना की शिकायत दर्ज कराई। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। आरोपी को गिरफ्तार करने के लिए एक विशेष पुलिस टीम ने घटनास्थल तक जाने वाले रास्तों के तकनीकी साक्ष्यों और सीसीटीवी फुटेज की गहन जांच की। प्राप्त मुख्य साक्ष्यों और अन्य जानकारियों का विश्लेषण करने के बाद पुलिस ने आरोपी ऑटो चालक को मात्र 24 घंटों के भीतर गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।

  • तिरुपति अपराध: तिरुपति में अत्याचार… बदमाशों ने ईंटों से पीट-पीटकर एक राजमिस्त्री की हत्या कर दी!..

    तिरुपति अपराध: तिरुपति में अत्याचार… बदमाशों ने ईंटों से पीट-पीटकर एक राजमिस्त्री की हत्या कर दी!..

    तिरुपति अपराध: तिरुपति में अत्याचार… बदमाशों ने ईंटों से पीट-पीटकर एक राजमिस्त्री की हत्या कर दी!..

    तिरुपति अपराध : तिरुपति ग्रामीण मंडल में ओटेरू राष्ट्रीय राजमार्ग के पास घटी घटना ने सनसनी मचा दी है। कुरनूल जिले के अडोनी निवासी मेस्त्री श्रीनिवासुलु (35) की इसी इलाके में बेरहमी से हत्या कर दी गई। रात में शराब पीने गए अज्ञात लोगों ने उन पर हमला किया। तिरुपति में मेस्त्री श्रीनिवासुलु की हत्या से स्थानीय लोग स्तब्ध हैं। पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।

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    तिरुपति में फोरमैन की हत्या

    घटना का विवरण इस प्रकार है:

    श्रीनिवास तिरुपति में काम के सिलसिले में रहते हैं और राजमिस्त्री का काम करके अपना जीवन यापन करते हैं। घटना वाली रात, जब वह शराब पी रहे थे, तभी हमलावरों ने उन पर हमला कर दिया। उनके बीच क्या बात हुई, यह स्पष्ट नहीं है, लेकिन उन्होंने अचानक उन पर हमला कर दिया। उन्होंने कहीं से मिली सीमेंट की ईंटें उठाईं और श्रीनिवास के सिर पर वार किया। सिर में गंभीर चोट लगने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई।

    तिरुपति अपराध: पुलिस संदिग्धों की तलाश कर रही है

    सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया गया। हत्या के पीछे व्यक्तिगत विवाद या किसी अन्य कारण का पता लगाने के लिए जांच तेज कर दी गई है। घटनास्थल से जुटाए गए सबूतों के आधार पर आरोपी को पकड़ने के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं। पुलिस ने कहा कि आरोपी को जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

  • 10 दिन तक कमरे में बंद रहा बुजुर्ग! पत्नी का ऐसा खौफ कि पड़ोसी भी नहीं खोल पाए ताला..

    10 दिन तक कमरे में बंद रहा बुजुर्ग! पत्नी का ऐसा खौफ कि पड़ोसी भी नहीं खोल पाए ताला..

    10 दिन तक कमरे में बंद रहा बुजुर्ग! पत्नी का ऐसा खौफ कि पड़ोसी भी नहीं खोल पाए ताला..

    उत्तर प्रदेश के एक शहर से हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक बुजुर्ग शिक्षक कथित तौर पर कई दिनों तक अपने ही घर में बंद रहे। आरोप है कि उनकी पत्नी उन्हें कमरे में बंद कर मायके चली गई। सबसे चौंकाने वाली बात यह रही कि आसपास के लोग भी ताला खोलने की हिम्मत नहीं जुटा सके।

    बताया जा रहा है कि पत्नी घर छोड़ते समय कुछ दिनों का खाना बनाकर रख गई थी। जब वह खाना खत्म हो गया, तब बुजुर्ग के भाई ने खिड़की के रास्ते उन्हें भोजन पहुंचाना शुरू किया। कई दिनों तक यही सिलसिला चलता रहा।

    पड़ोसियों ने दी पुलिस को सूचना

    काफी दिन बीतने के बाद एक पड़ोसी ने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने बुजुर्ग को बाहर निकालने की कोशिश की, लेकिन वह कथित तौर पर इतने डरे हुए थे कि उन्होंने पहले दरवाजा न खोलने की बात कही। बाद में पुलिस ने उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला।

    पहले भी कई बार हो चुकी थी ऐसी घटना

    बुजुर्ग ने बताया कि यह पहली बार नहीं था। उनका दावा है कि उनकी पत्नी पहले भी कई बार उन्हें कमरे में बंद करके बाहर जा चुकी है। इस बार भी कुछ दिनों के लिए खाना बनाकर रखा गया था और उसके बाद उनके भाई ने खिड़की के जरिए भोजन पहुंचाया।

    मामले की जांच जारी

    घटना सामने आने के बाद पुलिस ने पूरे मामले की जानकारी जुटानी शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि सभी पक्षों से पूछताछ कर तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

  • आकाश कश्यप हत्याकांड का खुलासा! मामूली विवाद में युवक की हत्या, नाबालिग समेत 6 आरोपी गिरफ्तार..

    आकाश कश्यप हत्याकांड का खुलासा! मामूली विवाद में युवक की हत्या, नाबालिग समेत 6 आरोपी गिरफ्तार..

    आकाश कश्यप हत्याकांड का खुलासा! मामूली विवाद में युवक की हत्या, नाबालिग समेत 6 आरोपी गिरफ्तार..

    मैनपुर क्षेत्र के बहुचर्चित आकाश कश्यप हत्याकांड का पुलिस ने पर्दाफाश करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। वारदात में शामिल एक विधि से संघर्षरत बालक को भी संरक्षण में लिया गया है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि मामूली विवाद ने देखते ही देखते हिंसक रूप ले लिया और आरोपियों ने युवक पर लाठी-डंडों से जानलेवा हमला कर दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। इससे पहले मृतक के परिजनों ने हत्या का आरोप लगाते हुए निष्पक्ष जांच और कड़ी कार्रवाई की मांग की थी।

    मैनपुर पुलिस के अनुसार, 3 जुलाई 2026 को आकाश कश्यप की संदिग्ध मौत के मामले में मर्ग कायम कर जांच शुरू की गई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, चिकित्सकीय परीक्षण और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के आधार पर यह स्पष्ट हुआ कि युवक की मौत गंभीर मारपीट के कारण हुई। इसके बाद पुलिस ने मामले को हत्या में तब्दील कर संदिग्धों से पूछताछ शुरू की।

    पूछताछ के दौरान आरोपियों ने सामूहिक रूप से मारपीट करना स्वीकार किया। उनकी निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त दो लकड़ी के डंडे भी बरामद किए गए। पुलिस ने इस मामले में देवकुमार निषाद (20), भीखम यादव (18), मनीष यादव (19), लक्की नेताम (19), लोकेश यादव (23) और डिगेंद्र निर्मलकर (18) को गिरफ्तार किया है। वहीं एक 17 वर्षीय विधि से संघर्षरत बालक के विरुद्ध किशोर न्याय अधिनियम के तहत कार्रवाई की गई है। पुलिस ने सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश कर आगे की वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक एवं एसडीओपी के पर्यवेक्षण में मैनपुर थाना पुलिस की विशेष टीम ने की।

    मामूली विवाद के बाद अचानक भड़की हिंसा

    प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि घटना किसी पूर्व नियोजित साजिश का परिणाम नहीं था, बल्कि मामूली विवाद के बाद अचानक भड़की हिंसा ने एक युवक की जान ले ली। हालांकि पुलिस अब इस बात की भी गहन जांच कर रही है कि मारपीट के पीछे कोई पुरानी रंजिश, आपसी दुश्मनी या अन्य कारण तो नहीं था। विवेचना अभी जारी है और नए तथ्य सामने आने पर आरोपियों के खिलाफ अतिरिक्त धाराएं भी जोड़ी जा सकती हैं।

  • जोगुलम्बा गडवाल में दिल दहला देने वाली वारदात, खेत के पास सो रहे युवक की निर्मम हत्या..

    जोगुलम्बा गडवाल में दिल दहला देने वाली वारदात, खेत के पास सो रहे युवक की निर्मम हत्या..

    जोगुलम्बा गडवाल में दिल दहला देने वाली वारदात, खेत के पास सो रहे युवक की निर्मम हत्या..

    जोगुलम्बा गडवाल अपराध: खेत के पास सो रहे एक युवक की निर्मम हत्या..! यह घटना मालदकल मंडल के उलिगेपल्ली गांव में घटी। पुलिस मौके पर पहुंची… जोगुलम्बा गडवाल जिले के मालदकल मंडल के उलिगेपल्ली गांव में एक दुखद घटना घटी। बुधवार रात खेत के पास सो रहे 22 वर्षीय बोया महेश नामक युवक की निर्मम हत्या कर दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। हत्या के पूरे विवरण अभी तक ज्ञात नहीं हो पाए हैं।

    उलिगेपल्ली में हुई क्रूर हत्या की घटना

    जोगुलाम्बा गडवाल अपराध: जांच जारी

    हत्या के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है। पुलिस ने जांच तेज कर दी है ताकि पता चल सके कि यह कोई पुराना विवाद था या कोई और कारण। पूरी जानकारी जुटाने के लिए वे महेश के परिवार के सदस्यों और स्थानीय लोगों से पूछताछ कर रहे हैं। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और हर पहलू से जांच कर रही है। इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना पर स्पष्टता की प्रतीक्षा है।

  • लोन दिलाने के नाम पर 43 शिक्षकों से करोड़ों की ठगी, 3 महीने की जांच के बाद पुलिस के हत्थे चढ़े 5 शातिर..

    लोन दिलाने के नाम पर 43 शिक्षकों से करोड़ों की ठगी, 3 महीने की जांच के बाद पुलिस के हत्थे चढ़े 5 शातिर..

    लोन दिलाने के नाम पर 43 शिक्षकों से करोड़ों की ठगी, 3 महीने की जांच के बाद पुलिस के हत्थे चढ़े 5 शातिर..

    कोंडागांव। जिले के फरसगांव और केशकाल थाना क्षेत्र में शिक्षकों को विभिन्न बैंकों से पर्सनल लोन दिलाने का झांसा देकर करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले एक अंतरजिला संगठित गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। करीब तीन महीने तक चली तकनीकी और वित्तीय जांच के बाद पुलिस ने गिरोह के पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों से मोबाइल फोन, बैंक पासबुक, चेकबुक, एटीएम कार्ड, लैपटॉप, डेस्कटॉप कंप्यूटर, डायरी और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए गए हैं।

    पुलिस के अनुसार अब तक इस गिरोह ने 43 शिक्षकों को अपना शिकार बनाया है और उनसे करीब 10 से 12 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी की है। हालांकि कुछ पीड़ित शिक्षकों का कहना है कि बदनामी और सामाजिक संकोच के कारण कई लोग अब भी सामने नहीं आए हैं। उनका दावा है कि जिले में 150 से 200 शिक्षक इस तरह की ठगी का शिकार हो सकते हैं।

    शिकायतों से खुला करोड़ों की ठगी का राज

    मामले का खुलासा तब हुआ जब फरसगांव निवासी संजय कोडोपी ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि उन्हें और उनके साथियों को विभिन्न बैंकों से पर्सनल लोन दिलाने के नाम पर करीब दो करोड़ रुपये की ठगी की गई।

    इसी तरह बड़ेडोंगर निवासी अनंत कुमार निर्मलकर ने करीब चार करोड़ रुपये की धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज कराई। वहीं केशकाल क्षेत्र के देवेन्द्र किशोर खवास, योगेश्वर बैद्य सहित अन्य शिक्षकों ने भी करोड़ों रुपये की ठगी की रिपोर्ट पुलिस को दी।

    इन शिकायतों के आधार पर फरसगांव और केशकाल थानों में कुल चार अलग-अलग अपराध दर्ज कर विस्तृत जांच शुरू की गई।

    ऐसे फंसाए जाते थे शिक्षक

    जांच में सामने आया कि आरोपी लंबे समय से संगठित तरीके से इस पूरे नेटवर्क का संचालन कर रहे थे। गिरोह पहले शिक्षकों से संपर्क करता और कम समय में कई बैंकों से बड़ी राशि का पर्सनल लोन दिलाने का भरोसा देता।

    इसके बाद बैंक कर्मचारियों और लोन एजेंटों के माध्यम से अलग-अलग बैंकों में लोन आवेदन करवाए जाते। लोन स्वीकृत होने के बाद शिक्षकों को केवल 40 प्रतिशत राशि दी जाती, जबकि शेष 60 प्रतिशत रकम आरोपियों और उनके सहयोगियों के विभिन्न बैंक खातों में ट्रांसफर करा ली जाती थी।

    आरोपी पीड़ितों को भरोसा दिलाते थे कि दो से तीन वर्षों के भीतर पूरा लोन, ब्याज और एचआरए सहित चुका दिया जाएगा। लेकिन कुछ समय बाद आरोपी रकम लेकर फरार हो जाते थे और पूरा कर्ज शिक्षकों के सिर पर छोड़ देते थे।

    फर्जी दस्तावेज तैयार कर बैंकों से कराया लोन

    पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि गिरोह ने कई मामलों में फर्जी आधार कार्ड और कूटरचित दस्तावेज तैयार किए। कई शिक्षकों के पते में बदलाव कर नकली आधार कार्ड बनवाए गए और उन्हीं दस्तावेजों के आधार पर अलग-अलग बैंकों से लोन स्वीकृत कराया गया।

    तीन महीने चली तकनीकी और वित्तीय जांच

    मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक पंकज चंद्रा (आईपीएस) के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कपिल चंद्रा के मार्गदर्शन में एसडीओपी फरसगांव अभिनव उपाध्याय और एसडीओपी केशकाल अरुण नेताम के नेतृत्व में विशेष जांच टीम गठित की गई।

    जांच के दौरान पुलिस ने पीड़ितों और आरोपियों के बैंक खातों का विस्तृत विश्लेषण किया। मोबाइल नंबरों की तकनीकी जांच, बैंक रिकॉर्ड और वित्तीय लेन-देन की पड़ताल के आधार पर आरोपियों की पहचान की गई। लगातार तीन महीने तक अलग-अलग जिलों में दबिश देने के बाद पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

    ये आरोपी हुए गिरफ्तार

    शिवशंकर दास (अंबिकापुर)

    दिलीप कुमार सोनी (अंबिकापुर)

    विरेंद्र तिर्की (जशपुर)

    श्यामसुंदर जांगड़े (सारंगढ़)

    अंशुमान सिंह (अंबिकापुर)

    जब्त किए गए सामान

    पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से मोबाइल फोन, बैंक पासबुक, बैंक चेकबुक, एटीएम कार्ड, डायरी और रजिस्टर, लैपटॉप, डेस्कटॉप कंप्यूटर समेत अन्य महत्वपूर्ण बैंकिंग दस्तावेज जब्त किए हैं। इन सभी दस्तावेजों की जांच जारी है।

    अन्य जिलों तक नेटवर्क फैले होने की आशंका

    पुलिस का कहना है कि गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है। गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों, बैंक एजेंटों और संभावित सहयोगियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। आशंका जताई जा रही है कि यह नेटवर्क प्रदेश के अन्य जिलों में भी इसी प्रकार की ठगी को अंजाम दे चुका है। इसी कारण जांच का दायरा लगातार बढ़ाया जा रहा है।

    बैंकिंग व्यवस्था पर भी उठे सवाल

    इस पूरे मामले ने बैंकिंग प्रणाली की निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े किए हैं। जानकारी के अनुसार एक बैंक से लिया गया लोन क्रेडिट रिकॉर्ड (CIBIL/Loan Database) में अपडेट होने में लगभग 6 से 7 दिन का समय लग जाता है। इसी अंतराल का फायदा उठाकर आरोपी पीड़ितों के नाम पर दो से तीन दिनों के भीतर अलग-अलग बैंकों से कई पर्सनल लोन स्वीकृत करा लेते थे।

    ऐसे मामलों की रोकथाम के लिए सभी बैंकों के बीच रियल-टाइम क्रेडिट वेरिफिकेशन और लोन हिस्ट्री की तत्काल जांच की व्यवस्था मजबूत की जानी चाहिए, ताकि एक ही व्यक्ति को कम समय में कई बैंकों से समानांतर लोन मिलने की संभावना समाप्त हो सके।

  • पुलिस का बड़ा एक्शन! 48 घंटे में 3 जगह छापेमारी, लाखों के चिट्टे के साथ 7 तस्कर दबोचे गए..

    पुलिस का बड़ा एक्शन! 48 घंटे में 3 जगह छापेमारी, लाखों के चिट्टे के साथ 7 तस्कर दबोचे गए..

    पुलिस का बड़ा एक्शन! 48 घंटे में 3 जगह छापेमारी, लाखों के चिट्टे के साथ 7 तस्कर दबोचे गए..

    हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर जिले में नशे के काले कारोबार पर पुलिस ने जबरदस्त कार्रवाई की है। जिला पुलिस ने नशा तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत महज 48 घंटे के भीतर तीन अलग-अलग जगहों पर एक महिला समेत 7 तस्करों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से कुल 24.53 ग्राम चिट्टा बरामद किया है। बरामद चिट्टे की कीमत अवैध बाजार में लाखों रुपए बताई जा रही है। वहीं  पुलिस ने तीनों मामलों में एनडीपीएस एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज कर तस्करों के पूरे नैटवर्क को खंगालना शुरू कर दिया है।

    कंदरौर में रिहायशी मकान में दबिश, 11.20 ग्राम चिट्टे के साथ 5 गिरफ्तार
    पहले मामले में थाना सदर की टीम ने कंदरौर क्षेत्र के एक रिहायशी मकान में दबिश देकर 11.20 ग्राम चिट्टे के साथ 5 लोगों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने ये कार्रवाई गुप्त सूचना के आधार पर अमल में लाई है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान सुरजीत सिंह उर्फ कालू निवासी गांव कंदरौर, तहसील सदर व जिला बिलासपुर, शंकर दयाल निवासी बल्ही-झलेड़ा, डाकघर बिनौला व जिला बिलासपुर, हंसराज निवासी घरबासड़ा, डाकघर चलैहली, तहसील घुमारवीं व जिला बिलासपुर, शीतल उर्फ डेजी निवासी डियारा व जिला बिलासपुर और विपिन कुमार निवासी मैहरन, डाकघर हरलोग, तहसील घुमारवीं  व जिला बिलासपुर के रूप  में हुई है। पुलिस ने पांचों आरोपियों के खिलाफ सदर थाने में केस दर्ज किया है।

    कीरतपुर-नेरचौक फोरलेन पर नाकाबंदी, बाइक सवार से 8.48 ग्राम चिट्टा बरामद
    दूसरी मामले में स्पैशल डिटैक्शन टीम ने कीरतपुर-नेरचौक फोरलेन पर एक बाइक सवार को 8.48 ग्राम चिट्टे के साथ दबोचा है।  जानकारी के अनुसार टीम ने पट्टा के समीप नाकाबंदी की हुई थी। इस दौरान एक  बाइक सवार को रोककर जब तलाशी ली गई तो उसके कब्जे से 8.48 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ। इस मामले में पुलिस ने बाइक सवार अंकुर सैणी निवासी घरबासड़ा, डाकघर व तहसील बल्ह, जिला मंडी को गिरफ्तार किया है। इसके खिलाफ भी पुलिस थाना सदर में मामला दर्ज किया गया है।

    पुराने सलापड़ पुल के पास 4.85 ग्राम चिट्टे के साथ तस्कर काबू
    तीसरे मामले में बरमाणा थाना पुलिस ने पुराने सलापड़ पुल के पास नाका लगाया हुआ था। इसी दौरान पुलिस ने हरदयाल सिंह निवासी सलापड़, डाकघर सुदाहन, तहसील सुंदरनगर व जिला मंडी को चैकिंग के लिए रोका। तलाशी लेने पर उसके कब्जे से 4.85 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ। पुलिस ने आरोपी हरदयाल को गिरफ्तार कर थाना बरमाणा में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है।

    तस्करों की सप्लाई चेन खंगाल रही पुलिस : एसपी


    बिलासपुर के एसपी अभिषेक धीमान ने इन तीनों मामलों की पुष्टि करते हुए कड़ा संदेश दिया है। उन्होंने बताया कि पुलिस अब इन मामलों में मादक पदार्थ की खरीद-फरोख्त, सप्लाई चेन और इस अवैध कारोबार से जुड़े अन्य सफेदपोश लोगों की भूमिका की गहन जांच कर रही है। एसपी ने स्पष्ट किया कि बिलासपुर पुलिस नशा तस्करी के खिलाफ जीरो टॉलरैंस की नीति अपनाते हुए लगातार प्रभावी कार्रवाई कर रही है। साथ ही उन्होंने आम जनता से अपील की है कि वे अपने आसपास होने वाली किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि समय पर एक्शन लिया जा सके।

  • घर के पास खेल रही थी बच्ची, फिर… 4 साल की मासूम का 12 वर्षीय नाबालिग रिश्तेदार ने किया रेप, हालत गंभीर..?

    घर के पास खेल रही थी बच्ची, फिर… 4 साल की मासूम का 12 वर्षीय नाबालिग रिश्तेदार ने किया रेप, हालत गंभीर..?

    घर के पास खेल रही थी बच्ची, फिर… 4 साल की मासूम का 12 वर्षीय नाबालिग रिश्तेदार ने किया रेप, हालत गंभीर..?

    Odisha Crime News: ओडिशा के नबरंगपुर जिले के डबुगांव थाना क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक 12 वर्षीय लड़के पर अपनी ही 4 साल की मासूम रिश्तेदार के साथ कथित तौर पर यौन उत्पीड़न करने का आरोप लगा है. इस कृत्य के बाद पीड़ित बच्ची की स्थिति काफी नाजुक बनी हुई है.

    स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, बच्ची अपने घर के पास खेल रही थी, तभी उसी गांव के रहने वाले उसके एक नाबालिग रिश्तेदार ने उसके साथ कथित तौर पर इस वारदात को अंजाम दिया. बच्ची के पिता ने जब उसे गंभीर हालत में देखा, तो वे तुरंत उसे इलाज के लिए डबुगांव सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) ले गए.

    बच्ची की स्थिति देख किया गया रेफर

    बच्ची की गंभीर शारीरिक स्थिति को देखते हुए, डॉक्टरों ने उसे बेहतर इलाज के लिए नबरंगपुर जिला मुख्यालय अस्पताल रेफर कर दिया है. घटना के बाद पीड़ित बच्ची के पिता ने डबुगांव थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई.

    नाबालिग लड़के को हिरासत में लेकर पूछताछ

    पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. गुरुवार सुबह आरोपी नाबालिग लड़के को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी गई है. डबुगांव थाना प्रभारी लक्ष्मी पराजा खुद इस पूरे मामले की निगरानी कर रही हैं.

    बच्ची से उत्पीड़न का मामला दर्ज किया गया

    SDPO ने मामले की जानकारी देते हुए बताया, “डबुगांव थाने में आज सुबह एक नाबालिग बच्ची से उत्पीड़न का मामला दर्ज किया गया है. डबुगांव IIC ने केस संख्या 160/26 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 62, 65(2), 486 और पोक्सो (POCSO) एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है. इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई और जांच जारी है.” फिलहाल बच्ची का इलाज जारी है और पुलिस जांच में जुटी है