Category: Crime

  • बार-बार कॉल कर परेशान करता था एकतरफा आशिक, युवती ने कर दिया नंबर को ब्लॉक… फिर क्या आशिक ने कर डाली पिस्टल से फायरिंग

    बार-बार कॉल कर परेशान करता था एकतरफा आशिक, युवती ने कर दिया नंबर को ब्लॉक… फिर क्या आशिक ने कर डाली पिस्टल से फायरिंग

    बार-बार कॉल कर परेशान करता था एकतरफा आशिक, युवती ने कर दिया नंबर को ब्लॉक… फिर क्या आशिक ने कर डाली पिस्टल से फायरिंग

    फिरोजाबाद में आशिकी ऐसी चढ़ी कि युवक एकतरफा प्यार ने युवती को बार-बार कॉल करता था. जिससे परेशान लड़की ने उसका नंबर ब्लॉक कर दिया. जिसके बाद आशिकी बदली गुस्से में और युवक ने चल दी गोली.

    फिरोजाबाद के टूंडला थाना क्षेत्र के गांव उसायनी में मंगलवार दोपहर सनसनीखेज वारदात सामने आई. आरोप है कि एकतरफा प्यार में ग्राम प्रधान प्रतिनिधि ने घर में घुसकर एक युवती पर गोली चला दी गई. जानकारी के मुताबिक, आरोपी युवती को लगातार फोन कर परेशान करता था. जिससे परेशान होकर युवती ने उस नंबर को ब्लॉक लिस्ट में डाल दिया. लेकिन युवती की ये बात एकतरफे आशिक का नागवार गुजरी. इसी बात से नाराज होकर आरोपी कथित तौर पर अवैध पिस्टल लेकर युवती के घर पहुंच गया.

    गुस्से में किए कर दी फायरिंग

    वारदात के दिन गुस्साया आरोपी उस मकान की दूसरी मंजिल पर पहुंचा, जहां युवती बच्चों को ट्यूशन पढ़ा रही थी. आरोपी ने सिर गुस्सा इस कदर सवार था कि उसने युवती से बात सुलझाना भी ठीक नहीं समझा और उसने युवती को निशाना बनाकर लगातार तीन फायर किए. इनमें से एक गोली युवती के बाएं कंधे को चीरते हुए निकल गई, जबकि दो गोलियां कमरे के सोफे और दीवार में जा लगीं. गोली चलने की आवाज से घर में चीख-पुकार मच गई. वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया.

    युवती का भाई है दरोगा, हो रही फरार आरोपी की दबिश

    घायल युवती को तत्काल सरकारी ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहां उसका उपचार चल रहा है. बताया गया है कि घायल युवती का भाई उत्तर प्रदेश पुलिस में दरोगा है और वर्तमान में कन्नौज जनपद में तैनात है. घटना की सूचना मिलते ही सीओ टूंडला अरुण कुमार चौरसिया और थाना प्रभारी बैजनाथ सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे.

    पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर मामले की जांच शुरू कर दी है. परिजनों की तहरीर के आधार पर आरोपी के खिलाफ जानलेवा हमले समेत संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज करने की कार्रवाई की जा रही है. आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की कई टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं.

  • कैफे कारोबार में हुआ नुकसान तो उतरे जुर्म की दुनिया में… पहले वारदात, फिर करते थे पार्टी… लिव-इन में रहने वाले कपल का किस्सा..

    कैफे कारोबार में हुआ नुकसान तो उतरे जुर्म की दुनिया में… पहले वारदात, फिर करते थे पार्टी… लिव-इन में रहने वाले कपल का किस्सा..

    कैफे कारोबार में हुआ नुकसान तो उतरे जुर्म की दुनिया में… पहले वारदात, फिर करते थे पार्टी… लिव-इन में रहने वाले कपल का किस्सा..

    उत्तर प्रदेश के नोएडा में पुलिस ने एक चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है. पुलिस ने कपल समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया है. ये कपल पहले कैफे चलाते थे, लेकिन कारोबार में नुकसान हुआ तो क्राइम का रास्ता अपना लिया. ये गिरोह पहले चोरी करते थे, उसके बाद बार-रेस्तरां में पार्टी करते थे.

    उत्तर प्रदेश के नोएडा में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है. एक प्रेमी जोड़ा पहले कैफे चलाता था. लेकिन जब कारोबार में नुकसान हुआ तो इस कपल ने अपराध का रास्ता चुन लिया. ये कपल चोरी की वारदातों को अंजाम देने लगा. अब प्रेमी जोड़े समेत 3 लोग पुलिस की गिरफ्त में हैं.

    प्रेमी युगल समेत 3 गिरफ्तार- कैफे के कारोबार में नुकसान होने के बाद चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले एक प्रेमी जोड़े समेत तीन आरोपियों को नोएडा पुलिस ने गिरफ्तार किया है. थाना सेक्टर-113 पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी की ज्वेलरी, 3.5 लाख रुपये नकद, पांच लैपटॉप, दो टैबलेट, छह मोबाइल फोन और वारदात में इस्तेमाल की जाने वाली एक अर्टिगा कार बरामद की है. कार पर कथित तौर पर फर्जी नंबर प्लेट लगी हुई थी.

    एडीसीपी मनीषा सिंह ने बताया कि आरोपियों की पहचान कैलाश उर्फ दिवाकर, इरफान उर्फ इमरान और सोनाली के रूप में हुई है. पुलिस ने तीनों आरोपियों को सेक्टर-123 स्थित श्मशान घाट के पास से गिरफ्तार किया.

    बंद पड़े घरों को बनाते थे निशाना- पुलिस की पूछताछ में सामने आया कि आरोपी अर्टिगा कार में सवार होकर शहर के हाईराइज सोसाइटी और अन्य इलाकों में मकानों की रेकी करते थे. इसके बाद बंद पड़े घरों को निशाना बनाकर ज्वेलरी, नकदी, लैपटॉप और अन्य कीमती सामान चोरी कर लेते थे. फिर चोरी किए गए सामान और नकदी को तीनों आरोपी आपस में बांट लेते थे.

    लिव-इन रिलेशन में रहते थे दो चोर- पुलिस जांच में सामने आया कि दिवाकर और सोनाली प्रेमी-प्रेमिका हैं और लिव-इन रिलेशनशिप में रहते हैं. पुलिस के अनुसार, सोनाली गैंग को लीड करने और रेकी के दौरान महत्वपूर्ण भूमिका निभाती थी, जबकि दिवाकर और उनका साथी इरफान चोरी की वारदातों को अंजाम देने में शामिल थे.

    कैफे कारोबार में नुकसान ने बनाया चोर- पुलिस के अनुसार, प्रेमी जोड़े ने पहले गाजियाबाद और बाद में नोएडा में कैफे का कारोबार किया था. कैफे के बिजनेस में नुकसान होने के बाद दोनों आर्थिक संकट में आ गए और इसके बाद चोरी की घटनाओं को अंजाम देने लगे. जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी दिन के समय चोरी की वारदातों को अंजाम देते थे और रात में रेस्तरां और बार में पार्टी करते थे.

    लैपटॉप, टैबलेट, फोन, कैश बरामद- पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चोरी की ज्वेलरी के अलावा पांच लैपटॉप, दो टैबलेट, छह मोबाइल फोन और 3.5 लाख रुपये नकद बरामद किए हैं. इसके अलावा चोरी की घटनाओं में इस्तेमाल की जाने वाली अर्टिगा कार को भी कब्जे में लिया गया है. फिलहाल अब थाना सेक्टर-113 पुलिस आरोपियों के आपराधिक इतिहास और उनसे जुड़े अन्य चोरी के मामलों की जांच कर रही है.

  • एक शाम घर से निकली  छात्रा, फिर कभी वापस नहीं लौटी; गले की माला बनी हत्या का हथियार..

    एक शाम घर से निकली छात्रा, फिर कभी वापस नहीं लौटी; गले की माला बनी हत्या का हथियार..

    बिहार के जिले में कुछ समय पहले एक ऐसी घटना सामने आई थी, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया था। 10वीं कक्षा में पढ़ने वाली 16 वर्षीय छात्रा की कथित तौर पर गला घोंटकर हत्या कर दी गई थी। वह इसी साल बोर्ड परीक्षा देने वाली थी, लेकिन परीक्षा से पहले ही उसकी जिंदगी खत्म हो गई।

    मामले में मृतका के परिवार ने एक 24 वर्षीय महिला पर गंभीर आरोप लगाए थे।

    शाम को घर से निकली थी छात्रा

    परिवार के मुताबिक, घटना वाली शाम करीब सात बजे छात्रा को दूर के रिश्ते में बुआ लगने वाली एक महिला अपने साथ लेकर गई थी। परिवार को अंदाजा नहीं था कि इसके बाद कुछ ऐसा होने वाला है, जिससे उनकी जिंदगी हमेशा के लिए बदल जाएगी।

    कुछ समय बाद छात्रा की हत्या की खबर सामने आई। परिजनों ने आरोप लगाया कि महिला ने छात्रा पर जबरन समलैंगिक संबंध बनाने का दबाव बनाया था।

    इनकार करने पर हत्या का आरोप

    मृतका के पिता ने पुलिस को दिए आवेदन में आरोप लगाया कि उनकी बेटी ने महिला की मांग मानने से इनकार कर दिया था। इसके बाद कथित तौर पर उसके गले में पहनी रुद्राक्ष की माला से ही उसका गला घोंट दिया गया।

    परिवार के इस आरोप ने मामले को और गंभीर बना दिया। हालांकि, जांच पूरी होने से पहले इन आरोपों को अंतिम सत्य नहीं माना जा सकता था।

    पहले से लड़कियों को प्रभावित करने का भी आरोप

    परिवार ने महिला पर एक और गंभीर आरोप लगाया था। उनका कहना था कि वह पहले भी कुछ लड़कियों को आर्थिक मदद दिलाने का भरोसा देकर अपने प्रभाव में लेने की कोशिश करती थी और उनके साथ गलत व्यवहार करती थी।

    हालांकि, इन आरोपों की भी पुलिस की ओर से उस समय आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई थी।

    पुलिस ने शुरू की जांच

    घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल को सुरक्षित कराया गया। मामले में हत्या की प्राथमिकी दर्ज की गई और फॉरेंसिक जांच के लिए एफएसएल टीम को भी बुलाया गया।

    पुलिस का कहना था कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और वैज्ञानिक जांच से मौत की परिस्थितियों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी सामने आ सकती है।

    बोर्ड परीक्षा से पहले खत्म हो गई जिंदगी

    जिस छात्रा को कुछ ही समय बाद 10वीं की बोर्ड परीक्षा में बैठना था, उसकी मौत ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया। पढ़ाई और भविष्य के सपनों के बीच वह एक ऐसी घटना का शिकार हो गई, जिसकी पूरी सच्चाई जांच के बाद ही सामने आनी थी।

    इस मामले में सबसे अहम बात यही रही कि परिवार की ओर से लगाए गए गंभीर आरोपों और पुलिस जांच के निष्कर्षों के बीच फर्क रखा जाए। हत्या के वास्तविक कारण और घटनाक्रम की पुष्टि जांच तथा पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर ही हो सकती है।

  • मॉडलिंग की चमक के पीछे छिपा काला खेल, एक ईमेल ने खोल दिया खौफनाक राज..

    मॉडलिंग की चमक के पीछे छिपा काला खेल, एक ईमेल ने खोल दिया खौफनाक राज..

    ग्लैमर की दुनिया बाहर से जितनी चमकदार दिखाई देती है, उसके पीछे की कुछ कहानियां उतनी ही डरावनी होती हैं। कुछ महीने पहले सामने आए दस्तावेजों ने ऐसी ही एक कहानी को फिर चर्चा में ला दिया था। इस मामले में एक चर्चित अमेरिकी अरबपति और यौन अपराधी जेफ्री एपस्टीन से जुड़े पुराने ईमेल सामने आए, जिनमें युवा मॉडल्स को लेकर बेहद आपत्तिजनक बातचीत का खुलासा हुआ।

    इन संदेशों ने यह सवाल खड़ा किया कि मॉडलिंग में करियर बनाने का सपना देखने वाली युवतियों को किस तरह कथित तौर पर लालच और प्रभाव के जाल में फंसाया जाता था।

    एक ईमेल और खुल गया पूरा राज

    कहानी कई साल पुरानी है। एपस्टीन के संपर्क में रहने वाले एक मॉडल एजेंट के साथ उसकी लगातार ईमेल के जरिए बातचीत होती थी। इन संदेशों में युवा महिलाओं की उम्र, उनकी आर्थिक स्थिति, खूबसूरती और एपस्टीन के साथ मुलाकात की संभावनाओं पर चर्चा की जाती थी।

    एक ईमेल में एजेंट ने आर्थिक परेशानी से जूझ रही करीब 20 साल की एक युवती का जिक्र किया। उसने एपस्टीन से उस लड़की के साथ संबंध बनाने की अपील तक कर डाली।

    यह सिर्फ एक संदेश नहीं था। पुराने ईमेल्स में ऐसे कई उदाहरण मिले, जिनसे संकेत मिलता है कि महिलाओं को उनकी प्रतिभा या व्यक्तित्व से ज्यादा उनके शरीर और यौन उपयोगिता के नजरिए से देखा जा रहा था।

    उम्र को लेकर भी होती थी बातचीत

    ईमेल्स में लड़कियों की उम्र को लेकर भी कई टिप्पणियां की गई थीं। एक संदेश में एजेंट ने 23 साल की महिला का जिक्र करते हुए लिखा कि उसे पता है कि एपस्टीन के लिए यह उम्र ज्यादा है।

    एक अन्य युवती के बारे में बताया गया कि वह बेहद खूबसूरत है, लेकिन धार्मिक होने की वजह से शायद एपस्टीन की रुचि के मुताबिक न हो।

    इन संदेशों से कथित तौर पर यह तस्वीर सामने आई कि एजेंट एपस्टीन की पसंद को समझता था और उसी हिसाब से महिलाओं के बारे में जानकारी साझा करता था।

    मॉडलिंग के नाम पर बड़ी योजना

    मामला केवल व्यक्तिगत मुलाकातों तक सीमित नहीं था। बातचीत में मॉडलिंग और फैशन इंडस्ट्री के जरिए बड़ी संख्या में युवतियों तक पहुंच बनाने की योजनाओं का भी जिक्र आया।

    ब्राजील की मॉडलिंग इंडस्ट्री में निवेश और एक बड़ी मॉडलिंग प्रतियोगिता आयोजित करने जैसे विचारों पर चर्चा हुई। योजना यह थी कि प्रतियोगिता के जरिए हजारों युवतियों तक पहुंच बनाई जा सके और विजेताओं को विदेश ले जाने का रास्ता तैयार किया जाए।

    यानी जिस चीज को बाहर से मॉडलिंग और फैशन का अवसर बताया जा सकता था, उसके पीछे कथित तौर पर कुछ और मकसद भी छिपे होने की आशंका दिखाई देती है।

    एक मशहूर मॉडल का भी आया जिक्र

    इन दस्तावेजों में कजाख मूल की मशहूर मॉडल रूस्लाना कोर्शुनोवा का नाम भी सामने आया था। वह बेहद कम उम्र में मॉडलिंग की दुनिया में पहचान बना चुकी थीं।

    रिकॉर्ड के मुताबिक, वह 2006 में एपस्टीन के कैरेबियाई द्वीप पर गई थीं। दो साल बाद न्यूयॉर्क में एक इमारत से गिरने के बाद उनकी मौत हो गई थी। उस समय उनकी मौत को आत्महत्या माना गया था।

    पुराने ईमेल्स में उनकी संपत्ति और उनसे जुड़े दस्तावेजों का भी जिक्र मिला था। हालांकि, इन ईमेल्स से उनकी मौत और एपस्टीन के बीच किसी आपराधिक संबंध का निष्कर्ष निकालना उचित नहीं है।

    गिरफ्तारी से पहले तक संपर्क

    सबसे चौंकाने वाली बात यह थी कि एपस्टीन की 2019 में गिरफ्तारी से कुछ समय पहले तक भी एजेंट और उसके बीच युवा महिलाओं को लेकर बातचीत जारी थी।

    एक रूसी युवती को अमेरिका लाने के संभावित रास्तों पर भी चर्चा हुई। अमेरिकी वीजा को लेकर परेशानी सामने आने पर दूसरे विकल्पों की बात की गई।

    इससे यह संकेत मिलता है कि एपस्टीन के खिलाफ गंभीर आरोप सामने आने के बावजूद उसके संपर्कों का नेटवर्क लंबे समय तक सक्रिय रहा।

    एजेंट ने बाद में क्या कहा?

    ईमेल सामने आने के बाद संबंधित एजेंट ने अपनी पुरानी भाषा पर खेद जताया। उसका कहना था कि वह एपस्टीन के बेहद करीबी लोगों के समूह का हिस्सा नहीं था और उसे कथित यौन शोषण की पूरी जानकारी नहीं थी।

    लेकिन सामने आए संदेशों ने ग्लैमर और मॉडलिंग की दुनिया में शक्ति, पैसे और युवा महिलाओं के शोषण से जुड़े गंभीर सवाल जरूर खड़े कर दिए।

    चमक के पीछे छिपी कहानी

    यह मामला सिर्फ एक व्यक्ति या कुछ ईमेल्स की कहानी नहीं है। यह उस खतरे की ओर भी इशारा करता है जहां बड़े नाम, पैसा और करियर के सपने किसी कमजोर व्यक्ति को आसानी से प्रभावित कर सकते हैं।

    मॉडलिंग या मनोरंजन की दुनिया में अवसर तलाशने वाले युवाओं के लिए यह घटना एक चेतावनी जैसी है कि किसी भी बड़े ऑफर या प्रभावशाली व्यक्ति पर आंख मूंदकर भरोसा करने के बजाय अपनी सुरक्षा और सीमाओं को प्राथमिकता देना जरूरी है।

  • अफसरों को सीक्रेट पार्टियों में बुलाता था, फिर शुरू होता था ब्लैकमेल का खेल; भारतीय मूल के फाइनेंसर पर 954 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी का आरोप.

    अफसरों को सीक्रेट पार्टियों में बुलाता था, फिर शुरू होता था ब्लैकमेल का खेल; भारतीय मूल के फाइनेंसर पर 954 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी का आरोप.

    अमेरिका में भारतीय मूल के एक फाइनेंसर पर करोड़ों डॉलर की बैंक धोखाधड़ी, ब्लैकमेलिंग और धमकाने के गंभीर आरोप लगे थे। आरोप था कि उसने बैंक से जुड़े लोगों को अपने प्रभाव में लेने के लिए सीक्रेट पार्टियों का आयोजन किया था और बाद में उन्हीं पार्टियों से जुड़ी जानकारी का इस्तेमाल दबाव बनाने के लिए किया था।

    मामला उस समय सामने आया था, जब करीब 100 मिलियन डॉलर यानी लगभग 954 करोड़ रुपये के बैंक घोटाले की जांच शुरू हुई थी। जांच के दौरान कथित तौर पर फर्जी दस्तावेजों, शेल कंपनियों और संपत्तियों से जुड़े रिकॉर्ड में हेरफेर की परतें खुलती चली गई थीं।

    लोन के नाम पर तैयार किया गया था पूरा जाल

    मामले के मुताबिक, फाइनेंसर की कंपनी को रियल एस्टेट से जुड़े लोन खरीदने और उन्हें जारी करने के लिए बैंक की ओर से बड़ी रकम उपलब्ध कराई गई थी। इस रकम को लोन से होने वाली कमाई के जरिए वापस किया जाना था।

    आरोप था कि इस पूरी व्यवस्था के तहत फर्जी कंपनियों का नेटवर्क तैयार किया गया था। संपत्तियों से जुड़े टाइटल इंश्योरेंस रिकॉर्ड में कथित तौर पर हेरफेर किया गया था, ताकि ऐसा लगे कि संबंधित संपत्तियों पर उसकी कंपनी का पहला अधिकार था।

    इसके बाद ये दस्तावेज बैंक तक पहुंचाए गए थे। जांच एजेंसियों के मुताबिक, बैंक अधिकारियों के साथ बातचीत के दौरान भी कथित तौर पर गलत जानकारियां दी जाती रही थीं।

    सीक्रेट पार्टियों में बुलाए जाते थे लोग

    इस मामले का सबसे चौंकाने वाला पहलू कथित ब्लैकमेलिंग का तरीका था। अदालत से जुड़े दस्तावेजों में आरोप लगाया गया था कि फाइनेंसर निजी पार्टियों का आयोजन करता था, जहां ड्रग्स और सेक्स वर्कर्स भी मौजूद रहते थे।

    आरोप था कि इन पार्टियों में बैंक से जुड़े कुछ कर्मचारी भी शामिल हुए थे। बाद में पार्टी में हुई गतिविधियों से जुड़ी जानकारी का इस्तेमाल उन्हें दबाव में रखने और अपने पक्ष में काम कराने के लिए किया जाता था।

    यानी जिस पार्टी को मौज-मस्ती का जरिया समझा जाता था, आरोपों के मुताबिक वही बाद में ब्लैकमेल का हथियार बन जाती थी।

    कर्मचारियों को भी दी जाती थीं धमकियां

    जांच में फाइनेंसर के काम करने के तरीके को लेकर कई गंभीर आरोप सामने आए थे। बताया गया था कि विरोध करने वाले कर्मचारियों और कारोबारी प्रतिद्वंद्वियों को डराने के लिए धमकियों का सहारा लिया जाता था।

    आरोपों के मुताबिक, कर्मचारियों को जान से मारने और उनके परिवार को बर्बाद करने तक की धमकियां दी गई थीं। इतना ही नहीं, कुछ संपत्तियों पर कब्जे के लिए हथियारबंद लोगों का इस्तेमाल किए जाने का भी आरोप लगा था।

    कारोबारी विवाद में भी आया था नाम

    मामले के दौरान एक बड़े रियल एस्टेट विवाद में भी उसका नाम सामने आया था। एक मध्यस्थ ने कारोबारी विवाद में उसे भारी आर्थिक नुकसान के लिए जिम्मेदार ठहराया था। इस विवाद में नुकसान की रकम करीब 1.3 बिलियन डॉलर यानी 12 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा बताई गई थी।

    आरोपों के मुताबिक, कारोबारी प्रतिद्वंद्वियों पर दबदबा बनाने के लिए डराने-धमकाने और हिंसा का सहारा लिया जाता था।

    आलीशान घर से हुई थी गिरफ्तारी

    मामले की जांच आगे बढ़ने के बाद भारतीय मूल के इस फाइनेंसर को अमेरिका में उसके आलीशान घर से गिरफ्तार किया गया था। वह अमेरिका में ग्रीन कार्ड पर रह रहा था।

    जांच एजेंसियों का आरोप था कि उसने निजी फायदे के लिए वित्तीय दस्तावेजों में कथित हेरफेर किया था और बैंकिंग व्यवस्था का गलत इस्तेमाल किया था। उस पर लगाए गए आरोप बेहद गंभीर थे और दोष सिद्ध होने पर उसे लंबी जेल की सजा का सामना करना पड़ सकता था।

    पूरे मामले ने इसलिए भी लोगों का ध्यान खींचा था, क्योंकि इसमें कथित बैंक धोखाधड़ी के साथ-साथ ब्लैकमेलिंग, निजी पार्टियों और धमकियों का ऐसा नेटवर्क सामने आया था, जिसने पूरे वित्तीय घोटाले को और सनसनीखेज बना दिया था।

  • इलाज के बहाने बेहोशी का इंजेक्शन, महिला ने डॉक्टर पर लगाए गंभीर आरोप..

    इलाज के बहाने बेहोशी का इंजेक्शन, महिला ने डॉक्टर पर लगाए गंभीर आरोप..

    UP जिले के एक गांव में रहने वाली महिला की तबीयत कुछ दिनों से खराब चल रही थी। इलाज की उम्मीद में वह स्थानीय स्तर पर मरीजों को देखने वाले एक डॉक्टर के पास पहुंची। महिला का आरोप है कि डॉक्टर ने जांच के नाम पर उसे एक इंजेक्शन लगाया, जिसके बाद वह बेहोश हो गई।

    महिला के मुताबिक, जब उसे होश आया तो वह खुद को असहज स्थिति में पाकर घबरा गई। उसके कपड़े अस्त-व्यस्त थे और उसे शक हुआ कि बेहोशी की हालत में उसके साथ गलत काम किया गया है। उसने डॉक्टर से इस बारे में सवाल किया और विरोध जताया।

    महिला का आरोप है कि डॉक्टर ने अपनी गलती मानने के बजाय उसे धमकाना शुरू कर दिया। कथित तौर पर उसे कहा गया कि अगर उसने किसी को कुछ बताया, तो उसे और उसके पति को जान से मार दिया जाएगा। इस धमकी के बाद महिला काफी डर गई और उसने तुरंत पुलिस से संपर्क नहीं किया।

    कुछ समय तक वह इस घटना को लेकर चुप रही। बाद में उसने हिम्मत जुटाकर अपने पति को पूरी बात बताई। इसके बाद दोनों ने अधिकारियों से संपर्क करने का फैसला किया। करीब एक महीने बाद महिला ने क्षेत्राधिकारी के सामने शिकायत दर्ज कराते हुए मामले की जांच और कार्रवाई की मांग की।

    शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि महिला के आरोपों की जांच की जा रही है। शुरुआती जानकारी में महिला और आरोपी के बीच पहले से परिचय होने की बात भी सामने आई है, हालांकि इस संबंध में अभी कोई अंतिम निष्कर्ष नहीं निकला है।

    पुलिस अधिकारियों के अनुसार, शिकायत में लगाए गए आरोपों की पुष्टि के लिए सभी पहलुओं की जांच की जाएगी। जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि घटना के समय वास्तव में क्या हुआ था और आरोपों में कितनी सच्चाई है।

    फिलहाल महिला ने निष्पक्ष जांच और न्याय की मांग की है। वहीं, इस घटना ने ग्रामीण इलाकों में बिना उचित योग्यता के इलाज करने वाले लोगों की भूमिका और मरीजों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

  • शादीशुदा महिला से प्यार करने लगा था, होटल के कमरे में बुलाया और कर दिया काम .

    शादीशुदा महिला से प्यार करने लगा था, होटल के कमरे में बुलाया और कर दिया काम .

    हरियाणा के रोहतक से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक शादीशुदा महिला की होटल के कमरे में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि महिला की हत्या उसके कथित प्रेमी ने की थी। वारदात के बाद आरोपी होटल से निकलकर अपने घर पहुंचा और वहां उसने भी आत्महत्या करने की कोशिश की। फिलहाल उसकी हालत बेहद गंभीर बताई जा रही है।

    मामला रोहतक के दिल्ली रोड स्थित एक होटल का है। मृतका की पहचान रूबी के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, रूबी शादीशुदा थी और उसकी नीरज नाम के युवक से नजदीकियां थीं। दोनों बुधवार सुबह होटल पहुंचे थे और वहां एक कमरा बुक किया था।

    होटल के कमरे में हुआ विवाद

    बताया जा रहा है कि कुछ समय बाद होटल के कमरे में दोनों के बीच किसी बात को लेकर विवाद शुरू हो गया। कहासुनी इतनी बढ़ गई कि नीरज ने कथित तौर पर रूबी के दुपट्टे से उसका गला घोंट दिया। घटना के बाद रूबी कमरे में ही पड़ी रही।

    वारदात को अंजाम देने के बाद नीरज ने होटल कर्मचारियों से कहा कि वह थोड़ी देर में वापस आएगा। इसके बाद वह वहां से निकल गया। काफी देर तक उसके वापस नहीं आने और कमरे से कोई प्रतिक्रिया न मिलने पर होटल कर्मचारियों को शक हुआ। मामले की जानकारी पुलिस को दी गई, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और महिला को मृत पाया।

    हत्या के बाद अपने घर पहुंचा आरोपी

    रूबी की मौत के बाद पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी थी। इसी बीच पता चला कि नीरज अपने घर पहुंच चुका है। वहां उसने कथित तौर पर फांसी लगाकर जान देने की कोशिश की।

    परिजनों को समय रहते घटना की जानकारी हो गई और उन्होंने उसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों के मुताबिक उसकी हालत बेहद गंभीर है और उसे वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया है।

    हत्या की असली वजह अब भी रहस्य

    पुलिस ने रूबी के शव का पोस्टमार्टम करवाने के बाद उसे परिजनों को सौंप दिया है। फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर होटल के कमरे में ऐसा क्या हुआ कि मामला हत्या तक पहुंच गया।

    पुलिस होटल के सीसीटीवी फुटेज, दोनों के बीच हुई बातचीत और दूसरे सबूतों की जांच कर रही है। शुरुआती तौर पर प्रेम संबंधों को घटना से जोड़कर देखा जा रहा है, लेकिन हत्या की वास्तविक वजह अभी स्पष्ट नहीं हुई है।

    पुलिस का कहना है कि आरोपी की हालत में सुधार होने के बाद उससे पूछताछ की जाएगी। इसके बाद ही पता चलेगा कि विवाद किस बात को लेकर हुआ था और उसने रूबी की हत्या क्यों की।

    फिलहाल एक होटल के कमरे से शुरू हुई यह कहानी हत्या और फिर आत्महत्या की कोशिश तक पहुंच गई है। पुलिस पूरे मामले की हर कड़ी जोड़ने में जुटी है।

  • भाभी के बिना रहना हो रहा था मुश्किल! पत्नी का काटा गला और बिस्तर के नीचे बिछाई लाश; एक और खौफनाक हत्याकांड.

    भाभी के बिना रहना हो रहा था मुश्किल! पत्नी का काटा गला और बिस्तर के नीचे बिछाई लाश; एक और खौफनाक हत्याकांड.

    शादी एक पवित्र बंधन होता है. क्या हो जब ये ही पवित्र बंधन सबसे खौफनाक रिश्ते में बदल जाए. वहीं अब पश्चिम बंगाल के मालदा ज़िले से एक ऐसा मामला सामने आ रहा है जिसे जानकर आपके रौंगटे खड़े हो जाएंगे. दरअसल, इंग्लिश बाज़ार पुलिस स्टेशन के इलाके में सतारी में, एक पति ने अपनी पत्नी का गला बेरहमी से काट डाला. और इसकी वजह ये थी कि वो उसके नाजायज़ रिश्ते में रुकावट बन रही थी. वारदात को अंजाम देने के बाद, चालाक पति ने सबूत छिपाने की कोशिश में अपनी पत्नी की लाश को कमरे में बिस्तर के नीचे छिपा दिया. जी हां! वहीं पुलिस ने आरोपी पति और प्रेमिका को गिरफ्तार कर लिया.

    8 साल पहले हुई थी शादी

    आपकी जानकारी के लिए बता दें कि मृतक महिला की पहचान 25 साल की शीला बीबी के तौर पर हुई है. उसका मायका मालदा के माणिकचक पुलिस स्टेशन इलाके में इनायतपुर में है. उसने आठ साल पहले सतारी के रहने वाले मोज़म्मेल से विवाह रचाया और एक नई जिंदगी शुरू करने ससुराल आई. मोज़म्मेल पेशे से प्रवासी मज़दूर है और काम के सिलसिले में दूसरे राज्यों में जाता रहता है. इस जोड़े के दो छोटे बच्चे हैं.

    भाभी से था नाजायज संबंध

    इस मामले को लेकर पुलिस जांच में ये जानकारी मिली है कि, मोज़म्मेल का पिछले कुछ महीनों से एक महिला रिश्तेदार (यानी उसकी भाभी) के साथ नाजायज़ संबंध चल रहा था. वहीं जब उसकी पत्नी शीला बीबी को इस बारे में पता चला, तो घर में लगातार झगड़े और अशांति होने लगी. वो इस नाजायज़ रिश्ते का ज़ोरदार विरोध कर रही थी. घटना वाले दिन, इसी बात को लेकर दोनों के बीच तीखी बहस हुई. गुस्से में आकर मोज़म्मेल ने धारदार हथियार से शीला का गला काट दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई.

    ऐसे उठा इस खौफनाक राज से पर्दा

    आपकी जानकारी के लिए बता दें कि हत्या के बाद, आरोपी मोज़म्मेल ने शक से बचने के लिए चालाकी से अपनी पत्नी की लाश को बिस्तर के नीचे छिपा दिया. हालाँकि, आस-पास रहने वाले स्थानीय लोगों को कुछ गड़बड़ लगी. जब वो घर के अंदर गए और तलाशी ली, तो उन्हें बिस्तर के नीचे शीला की लाश मिली जिसका गला कटा हुआ था. ग्रामीणों ने तुरंत इंग्लिश बाज़ार पुलिस स्टेशन को घटना की सूचना दी. सूचना मिलने पर पुलिस की एक टीम मौके पर पहुँची, लाश को अपने कब्ज़े में लिया और पोस्टमार्टम के लिए मालदा मेडिकल कॉलेज और अस्पताल भेज दिया.

  • ‘जबरदस्ती कपड़े उतरवाए और धमकी दी…’ प्रेमी संग पकड़ी गई अभिलाषा ने सुनाई अलग कहानी, पति के आरोपों को किया खारिज.

    ‘जबरदस्ती कपड़े उतरवाए और धमकी दी…’ प्रेमी संग पकड़ी गई अभिलाषा ने सुनाई अलग कहानी, पति के आरोपों को किया खारिज.

    उत्तर प्रदेश के झांसी में एक महिला और उसके कथित प्रेमी से जुड़ा मामला लगातार चर्चा में है। चिरगांव थाना क्षेत्र के इस मामले में पहले एक वीडियो सामने आया था, जिसमें पति द्वारा पत्नी को उसके कथित प्रेमी के साथ पकड़े जाने के बाद दोनों की शादी करवाने की बात कही गई थी। अब इसी मामले में महिला अभिलाषा का एक बयान सामने आया है, जिसमें उसने पूरे घटनाक्रम को अलग तरीके से पेश किया है।

    अभिलाषा ने अपने कथित प्रेमी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उसका दावा है कि जिस तरह से उसे लोगों के सामने पेश किया जा रहा है, वह सही नहीं है और उसके साथ जबरदस्ती की गई थी।

    ‘घर पर अकेली थी, तभी आया फोन’

    वायरल वीडियो में अभिलाषा बताती नजर आ रही है कि घटना वाले दिन वह घर पर अकेली थी। इसी दौरान उसके कथित प्रेमी का फोन आया। महिला के मुताबिक, फोन पर उससे कहा गया कि वे उसके घर आ रहे हैं।

    अभिलाषा का आरोप है कि घर पहुंचने के बाद युवक ने उसके साथ जबरदस्ती की। महिला ने दावा किया कि उसने इसका विरोध किया तो उसे धमकाया गया।

    उसके मुताबिक, उसे कपड़े उतारने के लिए मजबूर किया गया और धमकी दी गई कि अगर उसने बात नहीं मानी तो उसके भाई को नुकसान पहुंचाया जाएगा।

    हालांकि, महिला की ओर से लगाए गए इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। मामले की सच्चाई पुलिस जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही स्पष्ट होगी।

    ‘जेठ ने भी पीटा और पति ने भी मारा’

    अभिलाषा ने आगे आरोप लगाया कि इसी दौरान उसका जेठ कमरे में पहुंच गया। महिला के मुताबिक, उसने जेठ को पूरी बात बताने की कोशिश की, लेकिन उसकी बात सुनने के बजाय उसे ही गलत ठहराया गया।

    महिला का आरोप है कि इसके बाद उसके साथ मारपीट की गई। कुछ समय बाद उसका पति भी वहां पहुंच गया और उसने भी उसके साथ कथित तौर पर मारपीट की।

    अभिलाषा का दावा है कि इसी दौरान उसकी आपत्तिजनक हालत में वीडियो बनाई गई और उस पर एक बयान देने का दबाव बनाया गया।

    ‘मुझसे जबरदस्ती बयान दिलवाया गया’

    महिला का कहना है कि वायरल वीडियो में जो बातें उससे कहलवाई गईं, वे उसकी मर्जी से नहीं थीं। उसका आरोप है कि दबाव बनाकर उससे एक कथित बयान रिकॉर्ड कराया गया।

    अभिलाषा ने दावा किया कि बाद में मीडिया के पहुंचने पर उसे कपड़े उपलब्ध कराए गए। उसने अपने ससुराल वालों पर भी शोषण करने के गंभीर आरोप लगाए हैं।

    पति ने लगाए थे अलग आरोप

    दूसरी तरफ, महिला के पति की कहानी इससे बिल्कुल अलग बताई जा रही है। पति का आरोप है कि उसने अपनी पत्नी को उसके कथित प्रेमी के साथ आपत्तिजनक स्थिति में पकड़ा था। इसके बाद उसने दोनों की शादी करवा दी।

    पति का दावा है कि उसके पास पत्नी और कथित प्रेमी के बीच हुई बातचीत की रिकॉर्डिंग भी मौजूद है। उसने घर से गहने गायब होने का आरोप भी लगाया है।

    पति का कहना है कि शादी करवाने के बावजूद वह दोनों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई चाहता है।

    नींद की गोलियों के आरोप पर क्या बोली अभिलाषा?

    मामले में महिला पर अपने पति को नींद की गोलियां देने का आरोप भी सामने आया है। जब इस बारे में अभिलाषा से सवाल किया गया तो उसने इससे साफ इनकार किया।

    महिला का कहना है कि उसने अपने पति को किसी तरह की नींद की गोली नहीं दी। उसने पूरे मामले की सच्चाई सामने लाने के लिए अपने पति और उसके परिवार के DNA टेस्ट की मांग करने की बात भी कही है।

    वायरल वीडियो के बाद बढ़ा मामला

    इस पूरे घटनाक्रम से जुड़े वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुए, जिसके बाद मामला और चर्चा में आ गया। एक तरफ पति अपने आरोपों पर कार्रवाई की मांग कर रहा है, वहीं अभिलाषा खुद को पीड़ित बताते हुए न्याय की मांग कर रही है।

    फिलहाल दोनों पक्षों की ओर से सामने आए दावों में काफी अंतर है। ऐसे में वास्तविक घटनाक्रम क्या था, महिला के आरोप कितने सही हैं और पति की ओर से लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है—इसका फैसला जांच में सामने आने वाले साक्ष्यों और पुलिस की कार्रवाई से ही होगा।

  • बॉयफ्रेंड संग रंगरलियां मना रही थी 2 बेटियों की मां, पति ने आपत्तिजनक हालत में पकड़ा.

    बॉयफ्रेंड संग रंगरलियां मना रही थी 2 बेटियों की मां, पति ने आपत्तिजनक हालत में पकड़ा.

    उत्तर प्रदेश के सोनभद्र से सामने आया एक हत्याकांड रिश्तों और भरोसे को झकझोर देने वाला है। यहां एक महिला पर आरोप है कि उसने अपने प्रेमी के साथ मिलकर अपने ही पति की हत्या कर दी। पति ने पत्नी और उसके प्रेमी को आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया था। इसके बाद हुआ विवाद इतना बढ़ा कि दोनों ने कथित तौर पर उसे रास्ते से हटाने का फैसला कर लिया।

    हत्या के बाद आरोपियों ने पुलिस को गुमराह करने के लिए ऐसा प्लान बनाया, जिससे मामला सड़क हादसा लगे। शव को चादर में लपेटकर सड़क किनारे फेंक दिया गया। लेकिन परिवार की शिकायत और पुलिस की जांच ने पूरी कहानी पलट दी।

    सड़क किनारे मिला था शव, हादसा समझ रही थी पुलिस

    मामला शक्तिनगर थाना क्षेत्र का है। यहां NCL में सीनियर ओवरमैन के पद पर कार्यरत 42 वर्षीय रामाशंकर मिश्रा का शव 23 अगस्त को घर के पास स्टेडियम के नजदीक सड़क किनारे मिला था।

    शुरुआत में आशंका जताई गई कि किसी अज्ञात वाहन की टक्कर से उनकी मौत हुई होगी। शव की हालत को देखते हुए मामला सड़क हादसे का लग रहा था।

    लेकिन परिवार को यह कहानी हजम नहीं हुई। परिजनों ने कुछ लोगों पर संदेह जताते हुए पुलिस से मामले की गहराई से जांच करने की मांग की।

    पत्नी और उसके प्रेमी पर उठी उंगली

    27 अगस्त को मृतक के परिवार ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। इसमें रामाशंकर की पत्नी प्रियंका मिश्रा और उसके कथित प्रेमी विकास चौहान पर हत्या का आरोप लगाया गया।

    पुलिस ने इसके बाद दोनों के मोबाइल नंबरों की कॉल डिटेल और लोकेशन की जांच शुरू की। जांच आगे बढ़ी तो पुलिस को कई ऐसे सुराग मिले, जिनसे सड़क हादसे की कहानी पर सवाल खड़े होने लगे।

    दो साल से चल रहा था कथित प्रेम प्रसंग

    पुलिस के मुताबिक, प्रियंका और विकास के बीच करीब दो साल से संबंध थे। बताया गया कि विकास अक्सर प्रियंका के घर आता-जाता था और कथित तौर पर उसकी मुलाकातें रामाशंकर की गैरमौजूदगी में होती थीं।

    22 अगस्त को रामाशंकर अचानक ड्यूटी से जल्दी घर लौट आए। आरोप है कि वहां उन्होंने प्रियंका और विकास को आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया।

    इसके बाद घर में विवाद शुरू हो गया। कहासुनी इतनी बढ़ी कि मामला मारपीट तक पहुंच गया।

    गुस्से में पति को ही रास्ते से हटाने का आरोप

    पुलिस की जांच के अनुसार, इसी विवाद के दौरान प्रियंका और विकास ने कथित तौर पर रामाशंकर की हत्या कर दी। आरोप है कि दोनों ने उनका गला दबाया और फिर सिर पर वार किया।

    रामाशंकर की मौत के बाद आरोपियों के सामने सबसे बड़ी चुनौती शव को ठिकाने लगाने की थी।

    उन्होंने कथित तौर पर घटना को सड़क दुर्घटना का रूप देने की योजना बनाई।

    चादर में लपेटा शव और सड़क किनारे फेंक दिया

    हत्या के बाद विकास ने अपने दो साथियों अनुराग सिंह उर्फ बादल और सोनू गुप्ता को बुलाया। पुलिस के मुताबिक, चारों ने मिलकर शव को चादर और तौलिए में लपेटा।

    इसके बाद शव को सड़क किनारे ले जाकर फेंक दिया गया, ताकि पुलिस और लोगों को यह लगे कि किसी वाहन की टक्कर से रामाशंकर की मौत हुई है।

    इसके बाद सभी आरोपी अपने-अपने रास्ते चले गए।

    CDR और लोकेशन ने खोल दिया राज

    परिवार की शिकायत के बाद पुलिस ने जब मोबाइल कॉल डिटेल और लोकेशन की जांच की तो आरोपियों की गतिविधियों को लेकर कई अहम सुराग मिले।

    पूछताछ में पुलिस ने कथित तौर पर पूरी साजिश की कड़ियां जोड़ लीं। इसके बाद प्रियंका, विकास और उसके दो कथित साथियों को गिरफ्तार कर लिया गया।

    पुलिस अब मामले में जुटाए गए साक्ष्यों और आरोपियों के बयानों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।

    एक ऐसा मामला, जो शुरुआत में सड़क हादसा नजर आ रहा था, जांच आगे बढ़ने पर कथित तौर पर रिश्तों की उलझन और हत्या की साजिश में बदल गया। पति की मौत को हादसा दिखाने की कोशिश भी आखिरकार पुलिस की जांच के सामने ज्यादा देर टिक नहीं सकी।